
भोपाल, 23 अक्टूबर।
भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा की सहमति से गुरुवार को प्रदेश पदाधिकारियों की नई सूची जारी कर दी। इस सूची में संगठनात्मक संतुलन, जातीय विविधता और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व पर विशेष ध्यान दिया गया है।
नई टीम में दो सांसद सुमेर सिंह सोलंकी और लता वानखेड़े, तथा दो विधायक प्रभुराम चौधरी और मनीषा सिंह को उपाध्यक्ष बनाया गया है। दोनों विधायक केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के करीबी माने जाते हैं। इसके साथ ही वरिष्ठ नेता रणवीर सिंह रावत, जो पहले महामंत्री थे, को भी उपाध्यक्ष पद से नवाज़ा गया है।
महामंत्री सभी नए चेहरे हैं — किसी को दोहराया नहीं गया। इस कदम को संगठन में नई ऊर्जा लाने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
जारी सूची
उपाध्यक्ष
- रणवीर सिंह रावत
- कातदेव सिंह
- शैलेन्द्र बरुआ
- प्रभुराम चौधरी
- मनीषा सिंह
- डॉ नंदिता पाठक
- सुरेंद्र शर्मा
- निशांत खरे
- प्रभुलाल जाटव
महामंत्री
- श्रीमती लता वानखेड़े
- सुमेर सोलंकी
- राहुल कोठारी (जैन)
- गौरव रणदीव
मंत्री
- रजनीश अग्रवाल
- लोकेंद्र पाराशर
- जयदीप पटेल
- क्षितिज भट्ट
- संगीता सोनी
- राजेंद्र सिंह
- अर्चना सिंह
- राजो मालवीय
- बबीता परमार
कोषाध्यक्ष
- अखिलेश जैन
कार्यालय मंत्री
- श्याम महाजन
- मीडिया प्रभारी
- आशीष ऊषा अग्रवाल
मोर्चा अध्यक्ष
- किसान मोर्चा : जयपाल सिंह चावला
- एससी मोर्चा : भगवान सिंह परमार
- एसटी मोर्चा : पंकज टेकाम
- पिछड़ा मोर्चा : पवन पाटीदार
समीक्षा और संकेत
हेमंत खंडेलवाल की टीम को “संतुलित और समावेशी” कहा जा रहा है। इसमें एससी, एसटी और अन्य वर्गों को पर्याप्त प्रतिनिधित्व दिया गया है। वहीं, बड़े नेताओं और सिंधिया समर्थकों को भी उचित स्थान मिला है।
हालांकि, टीम में किसी मुस्लिम चेहरे को शामिल नहीं किया गया, जो चर्चा का विषय बना हुआ है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि खंडेलवाल ने संगठन में नये चेहरों को लाकर एक ऊर्जावान और सक्रिय टीम तैयार करने की कोशिश की है, जो 2028 के विधानसभा चुनावों की तैयारी में अहम भूमिका निभा सकती है।
