Logo
ब्रेकिंग
बैतूल जिला बना भूकंप का केंद्र, मुलताई और पांढुर्णा में महसूस हुए तेज झटके बैतूल मोहदा के खेरा में बड़ा हादसा: श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटी, 25 घायल, एक बुजुर्ग की ... बैतूल के बर्राढाना गांव में भीषण आग: 15 से अधिक मकान जले, 90% गांव तबाह पांचवीं,आठवीं फेल के लिए राहत की खबर,1 जून से होगी परीक्षा लल्ली और शिवाजी चौक को बड़े शहरों की तरह बनाए।कलेक्टर ने प्रस्ताव बनाने को कहा बेजुबान के लिए इंसानियत: झुलसे बंदर को युवकों ने गोद में बैठाकर 35 किमी दूर पहुंचाया अस्पताल बैतूल के छात्रों का कमाल: गुंजन देशमुख 10वीं में 5वें स्थान पर, ऋतुजा देशपांडे 12वीं गणित में 7वीं र... बैतूल: शराब दुकानों के टेंडर में लापरवाही, जिला आबकारी अधिकारी अंशुमन सिंह चिढ़ार निलंबित बैतूल जिले की नगरपालिकाओं में एल्डरमैन नियुक्त VIDEO :Fire 🔥 on highway बैतूल भोपाल हाइवे पर ट्राला पलटा,लगी आग
Header Ad

कच्ची शराब बनाने वालों पर एक्शन,लेकिन शराब ठेकेदारो से परहेज़, इक्का दुक्का कार्रवाई कर खुद अपनी पीठ थपथपा रहा आबकारी विभाग

छिंदवाड़ा। जिले में इन दिनों अवैध शराब की बिक्री जोरों पर है। इसी के साथ ही प्रतिबंध होने के बाद भी शराब दुकानों में अवैध रूप से अहातों का संचालन खुलेआम किया जा रहा है। इसी सम्बंध में बीते दिनों सांसद विवेक बंटी साहू ने एसपी अजय पाण्डे और जिला आबकारी अधिकारी को पत्र लिखकर अवैध शराब बिक्री और अबैध आहतों को बंद कर उन पर कार्रवाई के लिए निर्देश दिए थे। लेक़िन उसके बाद भी आबकारी अधिकारी अपने ए.सी वाले केबिन में बैठकर कागजों में कार्यवाही को अंजाम दे रहे है। हालांकि पुलिस समय – समय पर जरूर कार्यवाही करती है। लेकिन जिस विभाग का मुख्य कार्य शराब से जुड़ा हुआ है। वह मौन स्वीकृति देकर शराब ठेकेदारों के ऊपर मेहरबान है । आबकारी विभाग कार्यवाही करता तो है। लेक़िन सिर्फ ग्रामीणों पर जो छोटा मोटा महुआ कच्ची शराब का कारोबार करते है।

लेकिन जो जिले में संचालित शराब दुकानों के शराब ठेकेदार और उनके गुर्गो पर कार्यवाही करने से परहेज करते है। यह कहना गलत नही होगा की शराब माफिया और आबकारी अधिकारियों की सांठगांठ से अवैध शराब बिक्री और प्रतिबंधित आहाते का संचालन किया जा रहा है। अप्रैल माह में शराब दुकानों के ठेके हुए जो कि 20 प्रतिशत महंगे दामों में है।लेकिन कुछ ठेकेदारों ने मिलकर अपना सिंडीकेट बनाया है। जो एमआरपी से महंगे दामों में शराब बेच कर जमकर मुनाफा कमा रहे है।

जिला आबकारी अधिकारी अजीत इक्का को जब भी शराब और शराब दुकानों से सम्बंधित मामले के लिए उनके मोबाइल नम्बर पर कॉल लगाया जाता है। वह कभी भी कॉल रिसीव करना उचित नही समझते है। इससे आप अंदाजा लगा सकते हैं आबकारी अधिकारी अपने कार्यो के प्रति कितने सजग सहज हैं।

 

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.