Logo
ब्रेकिंग
आर डी कोचिंग के विद्यार्थियों ने जे ई ई मैंस में हासिल की उत्कृष्ट सफलता, 99.68 परसेंटाइल हासिल कर स... Live: एमपी विधानसभा में बजट पेश कर रहे वित्त मंत्री देवड़ा, जानिए किसको क्या मिला नई दिल्ली से ताम्रम जा रही GT एक्सप्रेस के पार्सल वैन में लगी आग, बड़ा हादसा टला 13 फरवरी को सारणी में लगेगा रोजगार मेला, 9 कंपनियां करेंगी भर्ती, 775 से अधिक पदों पर मौका नागपुर एम्स में चार साल के हर्ष की मौत, कोल्ड्रिफ कफ सिरप कांड का था पीड़ित, चार माह से ICU में चल र... लोकायुक्त ट्रैप में फंसे बैतूल नायब तहसीलदार के रीडर को चार साल की सजा ई-साइकिल की बैटरी में धमाका, दिव्यांग युवक जिंदा जला महाराष्ट्र के डिप्टी CM अजीत पवार की विमान हादसे में मौत, बारामती में हुआ हादसा एसआईआर–2026 में बैतूल को बड़ी उपलब्धि, कलेक्टर नरेन्द्र सूर्यवंशी को राज्यपाल ने किया सम्मानित बैतूल के लिए गर्व का क्षण — मोहन नागर को मिलेगा पद्मश्री सम्मान
Header Ad

MP में रावण का अनोखा हाल, 3 बार पेट्रोल डालने के बाद भी नहीं जला, जनता नाराज़

0

रतलाम: विजयादशमी का दिन इस बार रतलाम के नेहरू स्टेडियम में मजाक बन गया। नगर निगम के रावण दहन का आयोजन इतना अव्यवस्थित और हास्यास्पद साबित हुआ कि लोग भी इसे देखकर हंसते-हंसते फोटो खींचते रहे और सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।

पहला प्रयास: आग लगी, लेकिन रावण अडिग

आग लगते ही रावण के पैरों में लपटें भड़क उठीं। पटाखों की आवाजें भी आईं, लेकिन जैसे ही आग कमर तक पहुंची, लपटें ठंडी पड़ गईं। जनता ने हंगामा मचाया और लोग बेसब्री से इंतजार करने लगे।

दूसरा प्रयास: कमर के ऊपर भी रावण नहीं झुका

नगर निगम की क्रेन आई और पेट्रोल डालकर रावण के सिर के पीछे आग लगाई गई। हालांकि इस बार केवल बीच का हिस्सा ही जला। जनता और मंच पर बैठे नेताओं के चेहरे लटक गए।

तीसरा प्रयास: जनता ने निगम पर चिल्लाए भ्रष्टाचार के नारे

एक निगमकर्मी ने क्रेन के सहारे रावण के धड़ को नीचे गिराया, लेकिन 9 सिरों वाला रावण अब भी अडिग खड़ा रहा। मंत्री चैतन्य काश्यप, मेयर और अधिकारी सभी मैदान छोड़ चुके थे। लोग भी चले गए। केवल रावण बचा और जनता ने नगर निगम में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ जोरदार नारे लगाए।

अव्यवस्था और सुरक्षा की बड़ी चूक

जनता के बीच से गुजर रहे करंटेड तार, जिससे कुछ दिन पहले ही एक बच्चे की मौत हो चुकी थी।

रतलाम का यह रावण दहन आयोजन सिर्फ पुतले को नहीं बल्कि नगर निगम की छवि को भी जला गया। जनता की नाराजगी और भ्रष्टाचार के नारे इस आयोजन की सबसे बड़ी ध्वनि बन गए।

Leave A Reply

Your email address will not be published.