Logo
ब्रेकिंग
बैतूल जिला बना भूकंप का केंद्र, मुलताई और पांढुर्णा में महसूस हुए तेज झटके बैतूल मोहदा के खेरा में बड़ा हादसा: श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटी, 25 घायल, एक बुजुर्ग की ... बैतूल के बर्राढाना गांव में भीषण आग: 15 से अधिक मकान जले, 90% गांव तबाह पांचवीं,आठवीं फेल के लिए राहत की खबर,1 जून से होगी परीक्षा लल्ली और शिवाजी चौक को बड़े शहरों की तरह बनाए।कलेक्टर ने प्रस्ताव बनाने को कहा बेजुबान के लिए इंसानियत: झुलसे बंदर को युवकों ने गोद में बैठाकर 35 किमी दूर पहुंचाया अस्पताल बैतूल के छात्रों का कमाल: गुंजन देशमुख 10वीं में 5वें स्थान पर, ऋतुजा देशपांडे 12वीं गणित में 7वीं र... बैतूल: शराब दुकानों के टेंडर में लापरवाही, जिला आबकारी अधिकारी अंशुमन सिंह चिढ़ार निलंबित बैतूल जिले की नगरपालिकाओं में एल्डरमैन नियुक्त VIDEO :Fire 🔥 on highway बैतूल भोपाल हाइवे पर ट्राला पलटा,लगी आग
Header Ad

तमिलनाडुः कफ सिरप के सैंपल में मिलावट, कंपनी से मांगा गया जवाब, अगले आदेश तक प्रोडक्शन पर रोक

0

मध्य प्रदेश और राजस्थान में कई बच्चों की मौत के बाद पहले तमिलनाडु ने कोल्डरिफ कफ सिरप की बिक्री पर रोक लगा दी. अब मध्य प्रदेश सरकार ने भी इस कफ सिरप पर बैन लगा दिया है. बच्चों की मौत के बाद सैंपल लेकर सिरप की टेस्टिंग भी कराई जा रही है. फिलहाल चेन्नई स्थित एक कंपनी की फैक्टरी में जांच के दौरान वहां से एकत्र किए गए कफ सिरप के सैंपल में मिलावट पाई गई है.

राज्य के खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के एक अधिकारी ने आज शनिवार को बताया कि अधिकारियों ने तमिलनाडु की कंपनी से इस बारे में स्पष्टीकरण मांगा है और उसे यहां के समीप स्थित अपनी फैक्टरी में सिरप का प्रोडक्शन रोकने का निर्देश दिया है. अकेले मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में 11 बच्चों की मौत हो चुकी है. जबकि 2 बच्चों की मौत राजस्थान में हुई.

CDSCO कर रहा 6 राज्यों के 19 मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट्स की जांच

दूसरी ओर, केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) ने कफ सिरप के सेवन से कई बच्चों की मौत की खबरों के बाद 6 राज्यों में कफ सिरप और एंटीबायोटिक समेत 19 दवाओं की विनिर्माण इकाइयों (Manufacturing Units) में जोखिम आधारित निरीक्षण शुरू किया है.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि सीडीएससीओ ने 3 अक्टूबर से यह टेस्टिंग शुरू की है, जिसका मकसद उन कमियों को तलाशना है जिनके कारण दवा की गुणवत्ता में कमी आई और भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए प्रक्रिया में सुधार का सुझाव देना है.

बच्चों की मौत की घटना के बाद लिए गए थे सैंपल

मध्य प्रदेश और राजस्थान में कई बच्चों की मौत की वजह कोल्ड्रिफ कफ सिरप को माने जाने के संदेह के बाद तमिलनाडु सरकार ने कल शुक्रवार को अपने यहां से इसकी बिक्री पर रोक लगाने और बाजार से इसके भंडार को हटाने के आदेश दिया था. इस आदेश के बाद यहां पर कार्रवाई की गई.

अधिकारी ने बताया कि सैंपल में मिलावट सामने आने के बाद एक अक्टूबर से सिरप निर्माता की ओर से बनाए गए इस कफ सिरप की पूरे राज्य में बिक्री पर रोक लगा दी गई. उनका कहना है कि खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की एक टीम ने पिछले हफ्ते पड़ोसी कांचीपुरम जिले के सुंगुवरचत्रम में दवा कंपनी की फैक्टरी का निरीक्षण किया और वहां से कफ सिरप के सैंपल लिए थे.

अगले आदेश तक प्लांट में नहीं होगा उत्पादनः अधिकारी

फैक्टरी से जांच करने के मकसद से लिए गए सिरप के सैंपल के परिणामों के बारे में पूछे जाने पर जांच अधिकारी ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया, जांच के वास्ते लिए गए सैंपल में मिलावट पाई गई और हमने निर्माता से इस संबंध में स्पष्टीकरण मांगा है. अगले आदेश तक प्लांट में उत्पादन बंद रहेगा.

उन्होंने यह भी कहा, जब तक कंपनी की ओर से हमें संतोषजनक जवाब नहीं मिल जाता तब तक फैक्टरी में उत्पादन बंद रहेगा. अधिकारी ने बताया कि कंपनी ने राजस्थान, मध्य प्रदेश और पुडुचेरी में सिरप की सप्लाई की थी.

Leave A Reply

Your email address will not be published.