
बिना किसी शोर-शराबे के भारतीय जनता पार्टी मध्य प्रदेश इकाई के अध्यक्ष के पद पर हेमंत खंडेलवाल का निर्विरोध चयन हो गया है. इस नियुक्ति से भारतीय जनता पार्टी में गुटबाजी करने वाले नेताओं को बड़ा झटका लगा है. मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव की रणनीति पूरी तरह से सफल मानी जा रही है. पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने एक बार फिर स्पष्ट कर दिया कि मध्य प्रदेश में पार्टी के मूल कार्यकर्ताओं को ही महत्व दिया जाएगा.
इसे मध्य प्रदेश की राजनीति की खूबसूरती बताया जा रहा है. मध्य प्रदेश 7 राज्यों के साथ बॉर्डर शेयर करता है. सबके नेता और नागरिक मध्य प्रदेश आते हैं लेकिन किसी भी राज्य की पॉलिटिकल पॉलिसी, मध्य प्रदेश की राजनीति को प्रभावित नहीं कर पाती.

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