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कच्ची शराब बनाने वालों पर एक्शन,लेकिन शराब ठेकेदारो से परहेज़, इक्का दुक्का कार्रवाई कर खुद अपनी पीठ थपथपा रहा आबकारी विभाग

छिंदवाड़ा। जिले में इन दिनों अवैध शराब की बिक्री जोरों पर है। इसी के साथ ही प्रतिबंध होने के बाद भी शराब दुकानों में अवैध रूप से अहातों का संचालन खुलेआम किया जा रहा है। इसी सम्बंध में बीते दिनों सांसद विवेक बंटी साहू ने एसपी अजय पाण्डे और जिला आबकारी अधिकारी को पत्र लिखकर अवैध शराब बिक्री और अबैध आहतों को बंद कर उन पर कार्रवाई के लिए निर्देश दिए थे। लेक़िन उसके बाद भी आबकारी अधिकारी अपने ए.सी वाले केबिन में बैठकर कागजों में कार्यवाही को अंजाम दे रहे है। हालांकि पुलिस समय – समय पर जरूर कार्यवाही करती है। लेकिन जिस विभाग का मुख्य कार्य शराब से जुड़ा हुआ है। वह मौन स्वीकृति देकर शराब ठेकेदारों के ऊपर मेहरबान है । आबकारी विभाग कार्यवाही करता तो है। लेक़िन सिर्फ ग्रामीणों पर जो छोटा मोटा महुआ कच्ची शराब का कारोबार करते है।

लेकिन जो जिले में संचालित शराब दुकानों के शराब ठेकेदार और उनके गुर्गो पर कार्यवाही करने से परहेज करते है। यह कहना गलत नही होगा की शराब माफिया और आबकारी अधिकारियों की सांठगांठ से अवैध शराब बिक्री और प्रतिबंधित आहाते का संचालन किया जा रहा है। अप्रैल माह में शराब दुकानों के ठेके हुए जो कि 20 प्रतिशत महंगे दामों में है।लेकिन कुछ ठेकेदारों ने मिलकर अपना सिंडीकेट बनाया है। जो एमआरपी से महंगे दामों में शराब बेच कर जमकर मुनाफा कमा रहे है।

जिला आबकारी अधिकारी अजीत इक्का को जब भी शराब और शराब दुकानों से सम्बंधित मामले के लिए उनके मोबाइल नम्बर पर कॉल लगाया जाता है। वह कभी भी कॉल रिसीव करना उचित नही समझते है। इससे आप अंदाजा लगा सकते हैं आबकारी अधिकारी अपने कार्यो के प्रति कितने सजग सहज हैं।

 

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