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सिंहस्थ : 2028 होगा भव्य और ऐतिहासिक… सदानीरा समागम में बोले CM मोहन यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सिंहस्थ:2028 एक बड़ा धार्मिक आयोजन होगा. उन्होंने कहा कि यहां श्रद्धालुओं को घाटों पर ऐसी सुविधा उपलब्ध होगी कि 24 घंटे में पांच करोड़ लोग पुण्य स्नान का लाभ ले सकेंगे. शिप्रा के दोनों ओर करीब 30 किमी की लम्बाई में विकसित घाटों पर सुविधाजनक ढंग से स्नान संभव होगा. यह सिंहस्थ ऐतिहासिक सिद्ध होगा. मध्यप्रदेश जल संरक्षण के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर देश के लिए उदाहरण बनेगा. मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने भारत भवन में छह दिवसीय सदानीरा समागम का शुभारंभ करते हुए यह बात कही.

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि जल ऑक्सीजन भी प्रदान करता है. मध्यप्रदेश सरकार ने 30 मार्च से 30 जून तक जल गंगा संवर्धन अभियान के माध्यम से नागरिकों को जल संरक्षण के प्रति जागरूक बनाने का अभियान संचालित किया. प्रदेश के नगर-नगर और गांव-गांव में जल स्रोतों को शुद्ध और उपयोगी बनाने का कार्य चला. अनेक पोखर, जलाशय और बावड़ियों को पुनर्जीवन भी प्राप्त हुआ. इस अभियान में सरकार और समाज ने संयुक्त रूप से कार्य करके दिखाया है.

खण्डवा जिला प्रथम स्थान पर

देश में जल संरक्षण के कार्य में श्रेष्ठ परिणाम लाने वाले जिलों की सूची तैयार की गई तो भारत सरकार के मापदंडों के आधार पर मध्यप्रदेश का खण्डवा जिला प्रथम स्थान पर रहा. मध्यप्रदेश के अन्य जिलों में भी इसी तरह पानी के संरक्षण के कार्य किए जाएंगे. सदानीरा आयोजन में निरंतर 6 दिन विविध गतिविधियों हो रही हैं जिनमें जल एकाग्र डाकयू ड्रामा , फिल्में, गायन नदीनामा के अंतर्गत काव्यपाठ, नृत्य नाटिका आदि गतिविधियां शामिल रहेंगी.

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश से ढाई सौ से अधिक नदियों का उद्गम और प्रवाह होता है. यहां तक कि पुण्य सलिला गंगा जी को जल सम्पन्न बनाने में मध्यप्रदेश के अमरकंटक से निकली सोन नदी का भी योगदान है. बेतवा भी यमुना में जाकर समाहित होती है. मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सदानीरा समागम के स्वरूप की सराहना की. प्रमुख सचिव संस्कृति एवं पर्यटन शिवशेखर शुक्ला ने सदानीरा समागम में छह दिन तक होने वाली गतिविधियों को विवरण दिया.

कई पुस्तकों का भी लोकार्पण

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विशेष डाक्यूमेंट्री सीरीज और ग्रंथ सदानीरा, पृथ्वी पानी का देश काव्य संग्रह और प्राचीन जल संग्रहण परम्परा पर केंद्रित पुस्तक जल धारा और पत्रकारिता पर केंद्रित पुस्तक का विमोचन किया. इस अवसर पर प्रेम शंकर शुक्ला और डॉ जवाहर कर्नावट भी उपस्थित थे.

वीर भारत न्याय, संस्कृति विभाग के इस आयोजन में जनसंपर्क विभाग, मध्य प्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद, पुरातत्व संचालनालय, माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय, बरकतउल्लाह विश्वविद्यालय, रविंद्र नाथ टैगोर विश्वविद्यालय,भारत भवन,मध्य प्रदेश जनजातीय संग्रह संग्रहालय एवं भोपाल जिला प्रशासन भी सहयोगी हैं. मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप जलाकर जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत भारत भवन, भोपाल में सदानीरा समागम का शुभारंभ किया.

गणमान्य अतिथि रहे मौजूद

इस अवसर पर सांसद वीडी शर्मा, विधायक भगवानदास सबनानी, उपस्थित थे. मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने चित्र एवं शिल्प प्रदर्शनी का अवलोकन किया. नर्मदा पथ के अनेक स्थानों के चित्रों के छायाकार राजेन्द्र जांगले भी इस मौके पर उपस्थित थे. इस अवसर पर मध्यप्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के महानिदेशक अतुल कोठारी, वीर भारत न्यास के संचालक श्रीराम तिवारी और अभिनेता अन्नू कपूर उपस्थित थे.

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