
GangRape me punishment: Gang rape of a minor mixed with drugs in a cold drink, accused sentenced to life imprisonment in Betul
बैतूल जिले में विशेष न्यायालय (पॉक्सो एक्ट) ने एक नाबालिग बालिका के साथ सामूहिक दुष्कर्म करने के मामले में तीन आरोपियों को आजीवन कारावास और कुल 38,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। न्यायालय ने यह फैसला अभियोजन द्वारा प्रस्तुत ठोस साक्ष्यों और डीएनए रिपोर्ट के आधार पर सुनाया।
मामला सारणी थाना क्षेत्र का है। 16 वर्षीय बालिका ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि जब वह दिन में अपनी सहेली के घर जा रही थी, तभी दो युवक मोटरसायकल से उसे रास्ते में मिले। उन्होंने विभिन्न बहाने से बालिका को अपने साथ जाने के लिए मजबूर किया और जब उसने मना किया तो उसे जबरन मोटरसायकल पर बैठाकर एक कमरे में ले गए। वहां आरोपियों ने नशा पिलाने के बाद पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया।
घटना के बाद आरोपियों ने पीड़िता को धमकी दी कि यदि उसने किसी को बताया तो उसे जान से मार देंगे। वे उसे रास्ते में छोड़कर फरार हो गए। घर लौटकर बालिका ने हिम्मत जुटाकर अपने परिजनों को पूरी घटना बताई, जिसके बाद पुलिस में मामला दर्ज हुआ।
जांच के दौरान तीनों आरोपियों—सूरज उर्फ अमन बरनवाल (21), शहबाज खान (24) और एक अन्य व्यक्ति (37)—को गिरफ्तार किया गया। डीएनए रिपोर्ट ने घटना की पुष्टि की। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक वंदना शिवहरे ने उपसंचालक राजकुमार उइके और सहायक निदेशक एस.पी. वर्मा के मार्गदर्शन में मामले की पैरवी की।
विशेष न्यायालय ने सुनवाई के दौरान सभी साक्ष्यों व गवाहियों पर विचार करते हुए तीनों आरोपियों को दोषी ठहराया और उन्हें आजीवन कारावास तथा जुर्माने की सजा सुनाई। इस प्रकरण को शासन द्वारा जघन्य और सनसनीखेज अपराधों की सूची में शामिल किया गया था।
