
परिवार से कर सकेगा बात… मुंबई हमले के आरोपी तहव्वुर राणा को मिली ये इजाजत, कोर्ट ने जेल से मांगी ये रिपोर्ट
मुंबई आतंकी हमले के मास्टरमाइंड तहव्वुर हुसैन राणा की याचिका पर आज दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में सुनवाई हुई. राणा ने कोर्ट से अपने परिवार से बात करने की परमीशन मांगी थी, जिसे कोर्ट ने मान लिया है. फिलहाल कोर्ट की तरफ से केवल एक बार ही बात करने की इजाजत दी गई है. इससे पहले 24 अप्रैल को कोर्ट ने राणा की याचिका खारिज कर दी थी.
पटियाला हाउस कोर्ट ने बातचीत अनुमति देते हुए कहा कि यह कॉल जेल नियमों के अनुसार और तिहाड़ जेल अधिकारी की निगरानी में होगी. कोर्ट ने राणा के स्वास्थ्य संबंधी मुद्दों पर 10 दिनों में विस्तृत रिपोर्ट मांगी है. मामले की सुनवाई स्पेशल NIA जज चंद्र जीत सिंह ने की. आरोपी राणा फिलहाल 9 जुलाई तक NIA की हिरासत में है. 28 अप्रैल को पिछली सुनवाई में उसकी कस्टडी 12 दिन के लिए बढ़ा दी गई थी.
कोर्ट ने मांगी ये रिपोर्ट
जेल अधिकारियों को दिए गए अपने जवाब में, एनआईए ने इस एक बार फोन कॉल की अनुमति को मंजूरी दी थी. इसके अलावा, कोर्ट ने जेल अधिकारियों से एक विस्तृत रिपोर्ट भी मांगी है, जिसमें इस बात पर उनका रुख स्पष्ट किया गया है कि क्या जेल मैनुअल के अनुसार राणा को भविष्य में नियमित फोन कॉल की अनुमति दी जानी चाहिए.
अमेरिका से लाया गया था राणा
तहव्वुर राणा पाकिस्तानी मूल का कनाडाई नागरिक है. 2008 के मुंबई आतंकी हमलों के मुख्य साजिशकर्ताओं में से एक अमेरिकी नागरिक डेविड कोलमैन हेडली उर्फ दाऊद गिलानी का करीबी सहयोगी है. वह डेविड कोलमैन हेडली का करीबी साथी है, जिसने मुंबई हमले से पहले कई जगहों की रेकी की थी. तहव्वुर राणा को अमेरिका से प्रत्यर्पण के बाद भारत लाया गया था. उसके बाद से ही वो तिहाड़ जेल में बंद है. एनआईए राणा से गहन पूछताछ कर रही है और 17 साल पुरानी घटनाओं को फिर से समझने की कोशिश में लगी हुई है.

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