Logo
ब्रेकिंग
Rozgar Mela Ranchi: 20वें रोजगार मेले में बोले पीएम मोदी— '2047 के विकसित भारत का आधार हैं हमारे युव... MP Scooty Yojana 2026: सीएम मोहन यादव ने सरकारी स्कूलों के 7500 टॉपर्स को बांटी ई-स्कूटी; 1.20 लाख त... Ujjain Politics: उज्जैन महापौर मुकेश टटवाल को बीजेपी रथ से उतारा; बाबा साहेब प्रतिमा के पास बैठ जताय... Sanctioning Russia and Iran Act: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नए कानून से भारत पर मंडराया भार... Houthi Attacks on Saudi Arabia: सऊदी अरब पर हूती विद्रोहियों के हमलों की भारत ने की कड़ी निंदा, क्षे... North Korea Nuclear Tests Impact: उत्तर कोरिया के परमाणु परीक्षणों से दहल रहा माउंट मंटाप, लगातार बढ... National News: रोजगार मेले में बोले पीएम नरेंद्र मोदी— 'नागरिक देवो भव:' के भाव से काम करें नवचयनित ... Delhi Police Action: केशवपुरम और स्वरूप नगर में सनसनीखेज वारदातें, दुष्कर्म और हत्या के मामलों में आ... Delhi Fire Accident: मोतीनगर में मकान में लगी भीषण आग, एलपीजी सिलेंडर फटने से एक शख्स की मौत Bahadurgarh News: घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर लोग, आधार अपडेशन के लिए टोकन सिस्टम लागू करने की...
Header Ad

दक्षिणमुखी घर क्या सचमुच होता है अशुभ, जीवन में किस बात का मिलता है संकेत?

घर इंसान का सपना होता है और हर कोई चाहता है कि इस पर कभी कोई आंच न आए, लेकिन सदियों से हम एक बात सुनते आ रहे हैं कि दक्षिण मुखी घर लेना शुभ नहीं होता है. दक्षिणी मुखी घर को अशुभ माना जाता है जबकि कुछ उदाहरणों से हमें ऐसा लगता है कि यह सब सिर्फ एक मिथक है. तो आज हम बात करते हैं कि दक्षिण मुखी घर क्या सच में अशुभ होता है या यह सिर्फ एक मिथक है.

मान्यताओं के अनुसार दक्षिण मुखी घर दुर्भाग्य का कारक होता है. ऐसा इसलिए कहा जाता है, क्योंकि यह यम की दिशा है, मृत्यु के देवता की दिशा है. इसलिए इसे दुर्भाग्य से जोड़कर देखा जाता है.

एक दूसरा धड़ा इसे मानता है शुभ

इस मामले पर वास्तु शास्त्रियों का ही एक दूसरा धड़ा भी है. जो यह मानता है कि ऐसा बिल्कुल नहीं है. दक्षिण मुखी घर बिल्कुल अभिशाप नहीं है, बल्कि अगर वह फलीभूत हो जाए तो आपके दिन भी बदल सकते हैं और आपको इतना धन ऐश्वर्य मिल सकता है. जैसा आपने कभी सोचा भी नहीं होगा. दरअसल इस बात पर निर्भर करता है कि जातक जो उसमें रहने वाला है या जो घर का मुखिया है. जिसके नाम पर वह घर लिया गया है. उसकी कुंडली में ग्रहों की दशा क्या है. उन सब का मिलान करने के बाद ही निश्चित किया जा सकता है कि यह दक्षिण मुखी घर किसी व्यक्ति को फलीभूत होगा या नहीं.

इस विषय पर दो मत प्रचलित

आज भी इस मामले पर वास्तुकार दो दलों में बंटे हुए हैं. कुछ ज्योतिष और वास्तु शास्त्रियों का मानना है कि दक्षिण मुखी घर अशुभ होता है, लेकिन कुछ का मानना यह है कि दक्षिण मुखी घर सबसे शुभ होता है. वह इसे उदाहरण देकर समझाते भी हैं. उनका कहना है कि हर जगह की दक्षिण दिशा अत्यधिक समृद्ध है. जैसे कि हमारे देश का दक्षिण कोना, राजधानी में दक्षिण दिल्ली, मुंबई में दक्षिण मुंबई, हर जगह का दक्षिण कोना समृद्ध माना जाता है. तो ऐसे में दक्षिण दिशा का घर अभिशाप कैसे हो सकता है.

ऐसे लोगों के लिए दक्षिणमुखी घर शुभ

दरअसल दक्षिणी दक्षिण मुखी घर को शुभ मानने वालों का यह भी कहना है कि दक्षिण दिशा सूर्य की ऊर्जा को समेटे होती है और यह उच्च ऊर्जा वाला क्षेत्र है. यहां ऐसे लोग भी फलीभूत होते हैं जो मेहनती होते हैं, खोजी होते हैं या आर्टिस्टिक होते हैं जैसे कि मीडिया, फिल्म क्षेत्र के लोग इस दिशा में रहेंगे तो वह फलीभूत होंगे या फिर जिनकी कुंडली में सूर्य मजबूत होगा. वह भी दक्षिण दिशा में आकर रहेंगे तो उनके लिए भी यह घर उपयुक्त होगा. जिन लोगों की कुंडली में मंगल शक्तिशाली है, उनके लिए भी यह घर खुशियों से भरा रहेगा.

तो ऐसे में हम आपसे यही कहेंगे की कोई भी दक्षिण मुखी घर अशुभ नहीं हो सकता. जरूरत है कि आप अपनी कुंडली, नवाचार देखने के बाद ही यह फैसला करें कि यह घर आपके लिए उपयुक्त है या नहीं. इस मिथक में न पड़े की दक्षिण दिशा अशुभ होती है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.