Logo
ब्रेकिंग
पटना में 70वीं BPSC परीक्षा रद्द करने की मांग पर हंगामा: छात्रों ने तोड़े बैरिकेड्स, सीएम आवास घेराव... रायपुर में रक्षाबंधन की भीड़ से पहले जेवर चुराने वाली 2 शातिर महिलाएं गिरफ्तार: ₹12 लाख के सोने-चांद... खैरागढ़ में नवविवाहिता आत्महत्या कांड: दहेज में बाइक-पैसे की मांग और पढ़ाई छुड़ाने वाला पति गिरफ्तार खैरागढ़ में नवविवाहिता आत्महत्या कांड: दहेज में बाइक-पैसे की मांग और पढ़ाई छुड़ाने वाला पति गिरफ्तार बीजापुर में भारी बारिश से उफान पर चिंतावागु नदी: नगर सेना ने बोट से सुरक्षित पार कराई नदी, मरीजों को... कोरबा के देवपहरी वाटरफॉल में रातभर चट्टान पर फंसे रहे 3 दोस्त: 15 घंटे बाद SDRF ने बोट और रस्सी से क... शिक्षक (कृषि) भर्ती में B.Ed. अनिवार्य: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने खारिज की योग्यता में छूट की मांग, 65 अ... नवा रायपुर सेक्टर-12 में बनेगी 120 करोड़ की आवासीय परियोजना: 29 एकड़ में तैयार होंगे 348 HIG और MIG ... रायपुर में ई-बसों के नए रूट पर फैसला: स्कूल-अस्पताल भी जुड़ेंगे; PMAY आवासों के लिए 30 सितंबर की डेड... छत्तीसगढ़ में ड्रॉपआउट बच्चों के लिए 'लइका चिन्हारी' ऐप: घर-घर डिजिटल सर्वे से स्कूलों में दोबारा मि...
Header Ad

400 साल पुराने मुद्दे पर हो रही राजनीति… नागपुर हिंसा पर AIMIM नेता वारिस पठान का बयान

महाराष्ट्र के नागपुर में सोमवार की रात औरंगजेब की कब्र को हटाने को लेकर हिंसा देखने को मिली है. नागपुर के महल इलाके में पथराव, कई गाड़ियों में तोड़फोड़ और आसपास के इलाके में आगजनी की गई है. इस घटना के बाद से ही शहर में तनाव जैसे हालात हैं, हालांकि पूरे शहर में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है. वहीं इस मामले पर एआईएमआईएम के राष्ट्रीय प्रवक्ता वारिस पठान ने कहा कि हम हर तरह की हिंसा का जोरों से खंडन करते हैं. सभी का कायदे, कानून का पालन करना चाहिए.

नागपुर हिंसा पर वारिस पठान ने कहा कि ये हिंसा क्यों हुई और किस लिए हुई, इसकी जांच महाराष्ट्र सरकार को करनी चाहिए. कल हैदराबाद से एक आए थे (टी राजा सिंह), उन्होंने पुणे के अंदर के भाषण दिया. ये सभी चीजें ही नफरत फैलाने का काम कर रही है. सरकार इन सभी चीजों पर लगाम लगाए. सरकार ऐसे लोगों के ऊपर लगाम लगाए. हम बोल रहे थे कि काफी लोग कुछ दिन से चाहते हैं कि महाराष्ट्र में नफरत पैदा हो, उसी का ये असर है.

उन्होंने कहा कि हमने सीएम फडणवीस को हमेशा कहा है कि इस तरह की घटनाओं को रोकें. आज नफरत की आग यहां तक बढ़ गई है. किसने इन लोगों को वहां जाकर आंदोलन करने का इजाजत दी थी. इस बात की भी जांच होनी चाहिए.

400 साल पुराने मुद्दे पर राजनीति कर रही बीजेपी- वारिस

वारिस पठान ने औरंगजेब मामले पर कहा कि एक 400 साल पुराना औरंगजेब का मुद्दा लेकर बीजेपी सरकार तमाम मुद्दों से ध्यान भटका रही है. हम चाहेंगे कि हिंसा न हो और हम रिक्वेस्ट करेंगे की सभी कायदे, कानून का पालन करें और कोई भी इसका उल्लंघन न करे. सरकार से हम मांग करेंगे कि जिन लोगों ने दंगे भड़काने वाले भाषण दिए और दंगों को उकसाया, वैसे लोगों के खिलाफ सरकार कार्रवाई करे.

क्या है पूरा मामला?

संभाजीनगर में स्थित मुगल बादशाह औरंगजेब की कब्र को गिराए जाने को ये पूरी हिंसा हुई है. प्रदर्शन के दौरान दो समूहों के बीच हिंसक झड़प हो गई, जिसमें पथराव और आगजनी हुई. हिंसा को कंट्रोल करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे और कई लोगों को हिरासत में लिया.

वीएचपी और बजरंग दल ने औरंगजेब की कब्र को हटाने की मांग को लेकर अपनी आवाज बुलंद की है. उनका कहना है कि यह कब्र सदियों के उत्पीड़न और अत्याचारों का प्रतीक है, जो उनके शासनकाल के दौरान हुए थे. इसके अलावा बीते दिन तेलंगाना के बीजेपी विधायक टी राजा सिंह ने पुणे में सरकार कब्र हटाने की बात कही थी, इसके साथ ही कई सवाल भी खड़े किए थे. हिंसा के बाद विपक्ष टी राजा को भी निशाने पर ले रहा है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.