Logo
ब्रेकिंग
राहुल गांधी का छात्रों की गूँज Live यहां देखे Team India Asian Games News: एशियन गेम्स के लिए नागोया जा रही पुरुष क्रिकेट टीम को हुई परेशानी, जानि... Bollywood Actress Karishma Tanna News: बेटे को जन्म देने के बाद डिलीवरी और मदरहुड पर बोलीं करिश्मा त... Tarique Rahman Government News: भारत और बांग्लादेश के रिश्तों में तनाव? चटगांव और मोंगला पोर्ट के सम... RBI Bank Holiday List: अगले हफ्ते अलग-अलग राज्यों में कई दिन बंद रहेंगे बैंक, चेक करें पूरी छुट्टियो... TRAI New Rules on Spam Calls: स्पैम और फर्जी कॉल्स से मिलेगी राहत, ट्राई ने बनाए बेहद सख्त नियम Parsva Ekadashi 2026: भाद्रपद शुक्ल पक्ष की परिवर्तिनी एकादशी की तिथि, मुहूर्त और धार्मिक मान्यता Cesarean Delivery Care Tips: सी-सेक्शन के बाद टांके ठीक होने में कितना समय लगता है? जानें महिलाओं की... Jashpur News: जशपुर के ऐतिहासिक रानीसती (डोंगा) तालाब का बदलेगा स्वरूप; ₹4.17 करोड़ से होगा जीर्णोद्... Raipur Minor Rescued: चलती ट्रेन में मिला मौदहापारा का लापता नाबालिग जीशान; रायपुर पुलिस और RPF का ब...
Header Ad

परिसीमन पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने PM मोदी को लिखा पत्र: सर्वदलीय बैठक की मांग दोहराई

नई दिल्ली: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक पत्र लिखकर केंद्र सरकार के प्रस्तावित परिसीमन (Delimitation) पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की अपनी मांग पुनः दोहराई है।

उन्होंने आग्रह किया कि परिसीमन से संबंधित किसी भी प्रस्ताव को संसद में पेश करने से पहले सभी राजनीतिक दलों और राज्य सरकारों को उसका विस्तृत अध्ययन करने के लिए पर्याप्त समय दिया जाना चाहिए। खरगे का यह पत्र संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू द्वारा संसद के एक और विशेष सत्र की संभावना के संकेत दिए जाने के ठीक एक दिन बाद आया है।

कांग्रेस अध्यक्ष ने मांग की है कि लोकसभा की वर्तमान 543 सीटों की संख्या को अगले 25 वर्षों तक यथावत रखा जाए और वर्ष 2029 के आम चुनावों से ही महिलाओं के लिए एक-तिहाई आरक्षण लागू किया जाए। खरगे ने स्पष्ट किया कि संसदीय कार्य मंत्री द्वारा विशेष सत्र के संकेत और मानसून सत्र के औपचारिक समापन में हो रहे विलंब को देखते हुए यह मांग दोबारा उठाना अनिवार्य हो गया है।

📅 16 जुलाई के पत्र का दिया हवाला: ‘दोबारा बुलडोजर चलाने की कोशिश न हो’

पत्र के मुख्य अंश और पूर्व का संदर्भ:

  • पिछला पत्र: खरगे ने याद दिलाया कि उन्होंने 16 जुलाई 2026 को भी प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर परिसीमन प्रस्ताव पर सभी दलों के साथ व्यापक विमर्श का अनुरोध किया था।

  • विस्तृत अध्ययन का अवसर: उन्होंने पत्र में लिखा कि यह मुद्दा देश के भविष्य और संघीय ढांचे के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए किसी भी संभावित विशेष सत्र में इसे लाने से पहले सभी पक्षों को पर्याप्त समय दिया जाना चाहिए।

  • कड़ा संदेश: कांग्रेस अध्यक्ष ने जोर देकर कहा कि 16 और 17 अप्रैल 2026 की तरह इस बार भी विधायी प्रक्रिया पर बुलडोजर चलाने का प्रयास न किया जाए।

📋 खरगे ने प्रधानमंत्री के समक्ष रखीं ये 3 प्रमुख मांगें

परिसीमन को लेकर कांग्रेस का रुख:

  • 543 सीटों की यथास्थिति: लोकसभा की मौजूदा 543 सीटों की कुल संख्या को अगले 25 वर्षों तक यथावत बरकरार रखा जाए।

  • राज्यों का सीट आवंटन: विभिन्न राज्यों को लोकसभा में मौजूदा सीट आवंटन अनुपात को भी अगले 25 वर्षों तक कायम रखा जाए।

  • महिला आरक्षण: वर्ष 2029 के लोकसभा चुनाव से ही संसद और विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई (33%) आरक्षण को पूर्ण रूप से लागू किया जाए।

⚖️ 17 अप्रैल को दो-तिहाई बहुमत के अभाव में गिर गया था 131वां संशोधन विधेयक

संसदीय पृष्ठभूमि:

  • विधेयक पर मतदान: उल्लेखनीय है कि 17 अप्रैल को लोकसभा में महिला आरक्षण और परिसीमन से संबंधित 131वां संविधान संशोधन विधेयक आवश्यक दो-तिहाई विशेष बहुमत न मिलने के कारण पारित नहीं हो सका था।

  • मत विभाजन: उस दौरान विधेयक के पक्ष में 298 मत और विपक्ष में 230 मत पड़े थे, जिसके कारण यह संवैधानिक संशोधन कानूनी रूप नहीं ले पाया था।

Comments are closed.