Logo
ब्रेकिंग
Raipur Election Commissioners Meet: नवा रायपुर अटल नगर में 11 साल बाद राष्ट्रीय सम्मेलन, डिजिटल तकनी... Kawardha Sugarcane Farmers Update: शक्कर कारखाना में सरदार पटेल की प्रतिमा का भूमिपूजन, किसानों को र... Sudivya Kumar Sonu Shraddha: गुरुवार को होगा दिवंगत नेता का द्वादश श्राद्ध, प्रशासन ने सुरक्षा और ट्... Jharkhand School Sports News: खेलो झारखंड का कमाल, जूडो में नेशनल ट्रायल के लिए रायपुर रवाना हुए दो ... Caspian Cobra Snake Bite India: हिमाचल प्रदेश में कैस्पियन कोबरा के डसने से दो लोगों की मौत, देश का ... Kainchi Dham Connectivity Update: श्रद्धालुओं के लिए बड़ी खुशखबरी, काठगोदाम और ज्योलीकोट से जुड़ेगा ... Pithoragarh Lineman Death: शटडाउन लेने के बाद भी पोल पर चढ़े लाइनमैन की करंट लगने से मौत, ग्रामीणों ... IAS Tukaram Munde Exposes Hospital Bills: 11.50 रुपये का IV सेट 325 में क्यों? मेडिकल कंज्यूमेबल्स क... Yogi Government News: ओपी राजभर और अफसरों के बीच बढ़ा विवाद, जानिए क्या है पूरा मामला और क्यों हो रह... Box Murder Mystery Lucknow: बेरहमी से हत्या कर बक्से में ठूंसकर फेंका गया शव, मोहनलालगंज और निगोहां ...
Header Ad

मलमल से कितना अलग होता है कॉटन फैब्रिक? बहुत कम लोग जानते हैं फर्क

गर्मियों के मौसम में दो फैब्रिक सबसे ज्यादा पसंद किए जाते हैं जो हैं मलमल और कॉटन. ये फैब्रिक गर्मियों के मौसम में शरीर को सुकून देते हैं और ब्रीदेबल होते हैं. साथ ही ठंडक भी देते हैं. मलमल और कॉटन फैब्रिक की डिमांड मार्केट में खूब रहती है. लेकिन अक्सर लोग इन्हें खरीदते वक्त कंफ्यूज जरूर हो जाते हैं. कुछ लोगों को तो लगता है कि मलमल और कॉटन एक ही फैब्रिक होता है. लेकिन ऐसा नहीं है. मलमल और कॉटन दोनों में बहुत फर्क होता है.

मलमल और कॉटन फैब्रिक की बुनाई, टेक्सचर और इस्तेमाल के लिहाज से दोनों में कई बड़े फर्क होते हैं. अगर आप भी इन दोनों को एक ही समझते हैं और खरीदते वक्त सही का चुनाव नहीं कर पाते हैं तो ये आर्टिकल आपके लिए ही है. इसमें हम आपको मलमल और कॉटन फैब्रिक के बीच कुछ ऐसे अंतर बताएंगे जिसके बाद आप आसानी से अपने लिए सही फैब्रिक का चुनाव कर सकेगें.

मलमल क्या है?

मलमल एक बहुत ही मुलायम, बारीक और हल्का कपड़ा होता है. यह ज्यादातर घनी बुनाई वाले कॉटन यार्न से तैयार किया जाता है. इसकी खासियत इसकी softness और breathable nature है, जो इसे गर्मियों में पहनने के लिए परफेक्ट बनाता है. इसे प्राचीन भारत में भी इस्तेमाल किया जाता था और यह काफी महंगा और खास फैब्रिक माना जाता था. बच्चे, बुजुर्ग और सेंसिटिव स्किन वालों के लिए ये फैब्रिक काफी सुटेबल है.

कॉटन क्या है?

कॉटन फैब्रिक कपास से बनता है और इसकी कई किस्में होती हैं , जैसे कि पॉपलिन, केमब्रिक, लिनन-कॉटन, टवील आदि. यह भी गर्मियों के लिए बहुत अच्छा ऑप्शन है, लेकिन इसकी बुनाई और बनावट मलमल की तुलना में मोटी और मजबूत होती है. कॉटन की क्वालिटी उसके धागे की मोटाई और बुनाई पर निर्भर करती है. यह वॉश के बाद थोड़ा सख्त हो सकता है जबकि मलमल हर धोने के साथ और मुलायम हो जाता है. कॉटन की ड्रेपिंग थोड़ी स्ट्रक्चर्ड होती है, जबकि मलमल शरीर पर बहने जैसा गिरता है.

मलमल और कॉटन में ये है फर्क

मलमल और कॉटन फैब्रिक के बीच अंतर की बात की जाए तो दोनों में कुछ बड़े अंतर है. जैसे मलमल फैब्रिक बेहद बारीक और सॉफ्ट होता है. वहीं कॉटन फैब्रिक थोड़ा मोटा और हार्ड होता है. इसके अलावा मलमल काफी लाइटवेट होता है. लेकिन कॉटन थोड़ा सा हैवी लग सकता है. मलमल काफी मुलायम होता है. लेकिन कॉटन की सॉफ्टनेस उसकी क्वालिटी पर डिपेंड करती है. मलमल का इस्तेमाल ज्यादातर बेबी क्लोद्स, दुपट्टा या कुर्ता में किया जाता है. वहीं कॉटन फैब्रिक का इस्तेमाल हर तरह के कपड़ों के लिए किया जाता रहा है. अगर इनकी कीमत की बात करें तो मलमल थोड़ा महंगा हो सकता है. लेकिन कॉटन की कीमत उसकी क्वालिटी और वैरायटी पर डिपेंड करती है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.