
BSF Rescue Operation: सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने बचाई 10 बांग्लादेशी नागरिकों की जान, 30 दिन के नवजात को मिला जीवनदान
मालदा (पश्चिम बंगाल): सीमा सुरक्षा बल (BSF) की मालदा सेक्टर अंतर्गत 71वीं बटालियन के सतर्क जवानों ने साहसिक बचाव अभियान चलाते हुए 10 बांग्लादेशी नागरिकों की जान बचाई।
इन बचाए गए नागरिकों में तीन बच्चे, तीन महिलाएं और चार पुरुष शामिल थे। ये सभी लोग उस समय भीषण संकट में फंस गए जब उनकी नाव गंगा (पद्मा) नदी की तेज लहरों में अनियंत्रित होकर पलट गई। बचाए गए लोगों में मात्र 30 दिन का एक नवजात शिशु भी शामिल था, जिसकी हालत पानी में डूबने के कारण अत्यंत गंभीर हो गई थी। जवानों ने त्वरित तत्परता दिखाते हुए उसे प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया और नजदीकी सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां अब शिशु की स्थिति पूरी तरह स्थिर और सामान्य है।
🚤 बीओपी खंडुआ के पास जवानों ने दिखाई तत्परता: स्पीड बोट से शुरू हुआ राहत कार्य
घटनाक्रम और बचाव दल की कार्रवाई:
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घटना का समय: यह हादसा रविवार की शाम उस वक्त हुआ जब सीमा सुरक्षा बल के जवान सीमावर्ती इलाके में नियमित निगरानी पर थे।
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डूबते लोगों पर नजर: बॉर्डर आउट पोस्ट (BOP) खंडुआ के पास तैनात जवानों ने देखा कि तेज लहरों के बीच कई लोग डूबने से बचने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
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त्वरित रेस्क्यू: स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए BSF जवानों ने बिना एक पल गंवाए स्पीड बोट की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और घटनास्थल पर पहुंचकर सभी को सुरक्षित बाहर निकाला।
🇧🇩 चपाई नवाबगंज से जोहारपुर जा रहे थे नागरिक: बांग्लादेश के जोहारपुर के हैं निवासी
पीड़ितों का परिचय और दुर्घटना का कारण:
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नागरिकों की पहचान: BSF जवानों द्वारा सुरक्षित बाहर निकाले जाने के बाद पीड़ितों ने बताया कि वे सभी बांग्लादेश के जोहारपुर गांव के निवासी हैं।
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यात्रा का मार्ग: वे चपाई नवाबगंज से अपने गांव जोहारपुर की ओर नाव से यात्रा कर रहे थे।
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हादसे का कारण: यात्रा के दौरान पद्मा (गंगा) नदी के तीव्र बहाव और तेज लहरों के कारण नाव अचानक पलट गई, जिससे सभी लोग पानी में बहने लगे और बहाव के साथ भारतीय सीमा क्षेत्र की ओर आ पहुंचे।
🤝 औपचारिकताएं पूरी कर BGB को सौंपा: मानवीय पहल की हुई सराहना
प्रशासनिक प्रक्रिया और सुरक्षित सुपुर्दगी:
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चिकित्सीय देखभाल: सभी नागरिकों को सुरक्षित निकालने के बाद BSF ने उन्हें जरूरी मेडिकल सहायता और भोजन-पानी उपलब्ध कराया।
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फ्लैग मीटिंग और सुपुर्दगी: निर्धारित कानूनी और कूटनीतिक औपचारिकताओं को पूर्ण करने के बाद सीमा सुरक्षा बल ने सभी 10 नागरिकों को 53 बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (BGB) के अधिकारियों के सुपुर्द कर दिया।
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मानवीय मिसाल: सीमा पर जीवन रक्षक की भूमिका निभाते हुए BSF के इस त्वरित और मानवीय प्रयास की दोनों देशों के सीमावर्ती क्षेत्रों में सराहना की जा रही है।

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