Logo
ब्रेकिंग
जरूरतमंदों के जीवन की रक्षा का संदेश लेकर आगे बढ़ा रक्तदान अभियान, सनातनी विनोद कुमार बिंदल के मंदिर... सतपुड़ा वैली पब्लिक स्कूल बना बैतूल का नंबर 1 को-एड डे स्कूल, एजुकेशनवर्ल्ड इंडिया स्कूल रैंकिंग 202... बैतूल में SevaMitra की शुरुआत, अब घर बैठे बुक करें होम सर्विस फोन नहीं उठाते सीईओ,मीडियाकर्मियों में नाराजगी,ज्ञापन सौंपा Ola Uber Ban Chandigarh: ओला-उबर के लाइसेंस रद्द होने के बाद शुरू हुई 'भारत टैक्सी', जानिए यात्रियों... Haryana News: लगातार चौथी बार देश में अव्वल रही करनाल शुगर मिल, केंद्रीय मंत्रियों ने दी प्रतिष्ठित ... NCC DG Team Selection: हरियाणा के होनहार शूटर विजयन्त ढाण्डा ने बढ़ाया राज्य का मान, देश के टॉप-12 शू... Haryana Road Mishap: नूंह सड़क हादसे में चार लोगों की मौत, पत्नी गंभीर रूप से घायल; पुलिस जांच में ज... Haryana Crime News: पानीपत में اغवा हुआ बच्चा बरामद, एक लाख में बेचने की थी डील; पुलिस ने दो को दबोच... Gurnam Singh Chaduni Mahapanchayat: धान खरीद की मांग पर अड़े किसान, हाईवे पर बीती रात; आज होगी बड़ी ...
Seva Mitra
Header Ad

तलवंडी भाई में पावरकॉम की लापरवाही बनी जानलेवा: खुले मीटर बॉक्स और बिना अर्थिंग के तारों से करंट का खतरा; कई गंवा चुके हैं जान

तलवंडी भाई (पंजाब): बिजली चोरी पर अंकुश लगाने के लिए पंजाब स्टेट पावर कॉर्पोरेशन (PSPCL) द्वारा किए गए प्रयास अब आम जनता की जान पर भारी पड़ने लगे हैं।

विभाग द्वारा इन प्रयासों के दौरान बरती गई घोर लापरवाही अब तक कई गंभीर हादसों का कारण बन चुकी है और कई निर्दोष लोग अपनी कीमती जान गंवा चुके हैं।

📦 घरों से बाहर निकाले गए थे मीटर: गलियों और खंभों पर लगाए गए मीटर बॉक्स

पृष्ठभूमि और योजना का क्रियान्वयन:

  • कुंडी कनेक्शन पर रोक का मकसद: पावर कॉर्पोरेशन ने वर्षों पूर्व अवैध डायरेक्ट कुंडी कनेक्शन रोकने के उद्देश्य से उपभोक्ताओं के घरों और दुकानों के भीतर लगे बिजली मीटरों को बाहर निकालने की मुहिम शुरू की थी।

  • सड़कों व मोड़ों पर लगाए गए बॉक्स: इसके तहत तलवंडी भाई सहित आसपास के ग्रामीण व कस्बाई क्षेत्रों में गलियों के नुक्कड़ पर 10, 20 और 30 मीटरों वाले बड़े बॉक्स तथा खंभों पर 4-4 मीटर क्षमता वाले छोटे बॉक्स स्थापित किए गए थे।

🌧️ ठेकेदार की मनमानी और अर्थिंग का अभाव: बारिश में दौड़ता है जानलेवा करंट

लापरवाही और हादसों के प्रमुख कारण:

  • अकुशल श्रमिकों से कराया गया कार्य: बिजली विभाग ने यह संपूर्ण कार्य ठेके पर सौंपकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया। ठेकेदार ने अप्रशिक्षित कर्मियों से मीटर शिफ्टिंग का कार्य कराया।

  • 80 फुट गहरी अर्थिंग की अनदेखी: सरकारी नियमों और सुरक्षा मानकों के अनुसार इन मीटर बॉक्सों को करंट से सुरक्षित रखने के लिए 80 फुट गहरे अर्थिंग सिस्टम से जोड़ना अनिवार्य था, जिसे अनदेखा कर दिया गया।

  • बारिश में स्पार्किंग का कहर: उचित मेंटेनेंस न होने से अधिकांश बॉक्स खुले पड़े हैं। हल्की सी बारिश होते ही तारों में स्पार्किंग शुरू हो जाती है और पूरे बॉक्स व खंभे में करंट फैल जाता है। इसकी चपेट में आकर राहगीर बच्चे, बुजुर्ग और बेजुबान मवेशी अकाल मौत का शिकार हो रहे हैं।

🔒 मीटर बॉक्स को लॉक करने और प्रॉपर अर्थिंग की मांग: निवासियों ने उठाई आवाज

जनता की मांग और समाधान के सुझाव:

  • अनाधिकृत छेड़छाड़ पर रोक: स्थानीय निवासियों ने राज्य सरकार और पावरकॉम प्रबंधन से पुरजोर मांग की है कि लावारिस व खुले पड़े मीटर बॉक्सों को तुरंत ठीक किया जाए ताकि असामाजिक तत्व इनसे छेड़छाड़ न कर सकें।

  • चाबी कर्मचारियों के पास हो: सभी मीटर बॉक्सों को मजबूत लॉक लगाकर उनकी चाबियां केवल विभागीय कर्मचारियों के पास सुरक्षित रखी जाएं।

  • अर्थिंग दुरुस्त करने की अपील: दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सभी बॉक्सों को अविलंब गहरे अर्थिंग सिस्टम से जोड़ा जाए, ताकि इलाके के लोगों और मवेशियों को करंट के खतरे से बचाया जा सके।

Comments are closed.