Logo
ब्रेकिंग
NEET विवाद पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश: NTA को बनाएं स्थायी व मजबूत संस्थान, AI और ब्लॉकचेन तकन... कांग्रेस मुख्यालय में CWC की अहम बैठक: खरगे बोले—12 वर्षों में युवाओं का भविष्य तबाह, PM मोदी दें जव... जयपुर एयरपोर्ट पर इंडिगो फ्लाइट की मेडिकल इमरजेंसी लैंडिंग: सूरत से आ रहे यात्री की बिगड़ी तबीयत, अस... राजस्थान में नगर निकाय चुनाव की अधिसूचना जारी: राज्य निर्वाचन आयुक्त ने घोषित किया कार्यक्रम, आचार स... अंकिता भंडारी हत्याकांड: कोर्ट ने फिर खारिज की आरोपियों की जमानत, धामी सरकार की मजबूत पैरवी से दोषिय... पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश से काशी में उफान पर गंगा, चेतावनी बिंदु के करीब पहुंचा जलस्तर मुंबई की सड़कों पर मराठी भाषा को लेकर सरकार का सख्त रुख, तैयार हुआ एक्शन प्लान महाराष्ट्र में 28 अगस्त से लागू होगा धर्म स्वतंत्रता कानून 2026: जबरन धर्मांतरण पर 7 साल जेल, बच्चे ... अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी पर धीरेंद्र शास्त्री का फूटा गुस्सा, बताया सबसे बड़ा कलंक श्रीनगर में सीएम उमर अब्दुल्ला से मिले अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर: पर्यटन और बागवानी में साझेदारी बढ...
Header Ad

आंधी-तूफान ने मचाई तबाही! शैलरों का हुआ लाखों का नुकसान

भवानीगढ : स्थानीय क्षेत्र में आए तेज तूफान के कारण क्षेत्र में स्थित दो दर्जन के करीब शैलरों, फैक्टरियां व बड़े गोदामों के शैड उड़ गए तथा चारदीवारी ढह गई, जिससे प्रत्येक सेलर व फैक्टरी मालिक को लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। इस संबंध में जानकारी देते हुए पटियाला रोड स्थित महेश राइस उद्योग समिति के मालिक मोती लाल गर्ग ने बताया कि उनके शैलर के शेड के ढह जाने और भारी बारिश के कारण शैलर के गोदामों में रखा बड़ी मात्रा में चावल भीगकर खराब हो गया तथा मशीनरी को भी भारी नुकसान पहुंचा। उन्होंने बताया कि इस प्राकृतिक आपदा के कारण उन्हें लाखों रुपए का नुकसान हुआ है।

इसी प्रकार, इस तूफान के कारण पटियाला रोड स्थित अग्रवाल गोदाम भी ताश के पत्तों की तरह ढह गया। गोदाम मालिक संजीव गर्ग ने बताया कि इस घटना में उन्हें कई लाख रुपए का भारी नुकसान हुआ है। इस तूफान के कारण क्षेत्र के सूर्या राइस मिल, तारा राइस मिल, सत्या फूड, श्री राम ट्रेडर्स, फ्रेंड्स फूड प्रोडक्ट्स, जीएस राइस मिल, बीएस राइस मिल, भवानी इंडस्ट्रीज, एनडी इंडस्ट्रीज, शिव कॉटन कंपनी, केएल फूड, राधा कृष्ण राइस मिल, कांसल ऑयल मिल सहित दो दर्जन से अधिक शैलर व फैक्ट्रियों की छतें उड़ जाने व चारदीवारी गिरने से लाखों रुपये का नुकसान हो गया। इन शैलरों के गोदामों में रखा बड़ी मात्रा में चावल बारिश में भीगने के कारण नष्ट हो गया।

जिला राइस मिलर्स एसोसिएशन संगरूर के अध्यक्ष हरदीप सिंह बुट्टर, पूर्व जिला अध्यक्ष नरिंदर गर्ग व मनीष ढंड ने कहा कि इस प्राकृतिक आपदा के कारण प्रत्येक मिल मालिक को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने सरकार से मांग की कि इस प्राकृतिक आपदा के कारण शैलर मालिकों को हुए नुकसान के लिए प्रत्येक पीड़ित को 20 लाख रुपये प्रति शैलर मुआवजा दिया जाए।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.