Logo
ब्रेकिंग
15 दिन तक कुएं में फंसा रहा खतरनाक रसेल वाइपर, कैरेट के सहारे हुआ सफल रेस्क्यू एनसीसी बॉयज़ भर्ती में 49 कैडेट चयनित, फिजिकल और लिखित परीक्षा के बाद बनी मेरिट 40 अपराधों वाले हिस्ट्रीशीटर भीम पर ₹10 हजार का इनाम, पुलिस ने तेज की तलाश,पेट्रोल पंप काण्ड में भी ... रात की बारिश में खोलने पड़े सतपुड़ा के 7 गेट, झरने बह निकले बारिश में ढही दीवार ,दबने से मजदूर की मौत ।बैतूल में 93.4 mm बारिश घर में सो रहा था मासूम,जाने क्या हुआ चली गई जान? नजर आया था जहरीला सांप पर काटने के निशान नहीं मिले 5 लाख की चोरी का दूसरा आरोपी भी दबोचा, ₹10 हजार का इनामी निकला आदतन नकबजन लल्ली चौक का बदलेगा लुक, लगेगा क्लॉक टावर, नगर पालिका बिल्डिंग का पुराना स्वरूप संवरेगा बेंगलुरु से लौट रहे बिहारी युवक की ट्रेन में गई जान, जीआरपी ने किया था रेस्क्यू बैतूल: कोबरा से भी ज्यादा जहरीला कॉमन करैत मकान में निकला, सर्पमित्र ने सुरक्षित किया रेस्क्यू
Header Ad

2 दिन के गुजरात दौरे पर अरविंद केजरीवाल, चोटिला में कपास किसानों को करेंगे संबोधित

0

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल शनिवार से दो दिन के गुजरात दौरे पर हैं. इस दौरे की शुरुआत शनिवार से राजकोट से होगी और रविवार को वह चोटिला में कपास किसानों की एक बड़ी जनसभा को संबोधित करेंगे. इस दौरे को केवल एक राजनीतिक कार्यक्रम मानना गलत होगा, क्योंकि केजरीवाल खुद कपास किसानों के मुद्दे को लेकर मैदान में उतरे हैं.

हाल ही में केंद्र सरकार ने कपास पर इंपोर्ट ड्यूटी हटा दी है, जिससे विदेशी कपास सस्ती होकर भारतीय बाजार में आएगी और इसका सीधा नुकसान गुजरात जैसे राज्यों के कपास किसानों को होगा. अरविंद केजरीवाल इस फैसले के खिलाफ खुलकर बोल रहे हैं.

जमीनी मुद्दों पर सीधी बात-केजरीवाल

केजरीवाल का यह कदम गुजरात के किसानों को यह भरोसा देता है कि उनकी आवाज दिल्ली तक पहुंच रही है. जब एक बड़ा राष्ट्रीय नेता खुद आकर उनकी बात सुने, तो किसानों को लगता है कि कोई तो है जो उनके दर्द को समझता है. यह वही भावना है जो आम आदमी पार्टी की राजनीति को बाकी दलों से अलग बनाती है, ज़मीनी मुद्दों पर सीधी बात और समाधान की नीयत.

तीसरे विकल्प की तलाश पर केजरीवाल

चोटिला की रैली में केजरीवाल न केवल कपास किसानों की बात रखेंगे बल्कि आने वाले समय में राज्य की राजनीतिक दिशा भी तय करने की कोशिश करेंगे. यह दौरा इस बात का संकेत भी है कि आम आदमी पार्टी गुजरात में किसान, व्यापारी और युवा तबकों को जोड़कर मजबूत विकल्प बनने की तैयारी में जुटी हुई है. गुजरात की धरती पर जब कोई नेता किसानों के हक में आवाज़ उठाता है, तो वह वह भरोसे की एक नई नींव रखता है.

अरविंद केजरीवाल का यह दौरा किसानों के बीच एक उम्मीद की तरह देखा जा रहा है, जो कहता है कि अब उनकी बात अनसुनी नहीं जाएगी. यह एक शुरुआत है, किसान की बात किसान के खेत तक पहुंचाने की, और बदलाव की राजनीति को गांव-गांव तक ले जाने की.

Leave A Reply

Your email address will not be published.