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नीमच में किसानों का हल्ला बोल, सोयाबीन फसल के लिए लागत के अनुसार मुआवजे की मांग, सरकार को दी चेतावनी

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नीमच: मंगलवार को नीमच में सैकड़ों किसान कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। किसानों ने हाथों में तख्तियां लेकर प्रदर्शन किया, जिन पर लिखे थे, ‘धरती मां मर रही है, सरकार सो रही है’ करीब आधे घंटे तक कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया गया और इस दौरान नीमच-महू हाईवे पर भी किसानों ने जाम लगाया। हालांकि पुलिस ने कुछ ही देर में उन्हें हटाया।

किसानों का कहना है कि सोयाबीन की फसल में प्रति हेक्टेयर 54 हजार रुपये की लागत आई है और उसी हिसाब से मुआवजा दिया जाना चाहिए। जिले में अतिवृष्टि और पीला मोजेक रोग की वजह से अधिकांश किसानों की सोयाबीन की फसलें खराब हो गई हैं। कई जगह फसलें पूरी तरह नष्ट हो चुकी हैं।

एसडीएम संजीव साहू को सौंपे गए ज्ञापन में किसानों ने कहा कि जिले में सोयाबीन की फसल पूरी तरह नष्ट हो चुकी है और बिना सर्वे किए तत्काल मुआवजे की आवश्यकता है। किसानों ने बीमा कंपनियों से इसी वित्तीय वर्ष में बीमा राशि का भुगतान करने की भी मांग की। उनका कहना है कि फसल कटाई के समय भारी बारिश और जलभराव के कारण पूरे जिले में फसल नष्ट हो गई और वे अगली फसल की बुवाई के लिए तत्काल मुआवजा चाहते हैं।

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