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नाम बदलने पर सियासत तेज: कांग्रेस का BJP पर वार- “नेहरू के नाम से है एलर्जी, इसलिए बदला साइंस मेट्रो स्टेशन का नाम

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कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि बीजेपी ने जानबूझकर लाइन 3 पर साइंस सेंटर मेट्रो स्टेशन का नाम पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के नाम पर नहीं रखा. मुंबई कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता सचिन सावंत ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर किया. उन्होंने लिखा कि नेहरू का योगदान इतना बड़ा और अटल है कि चाहे बीजेपी उन्हें कितना ही नफरत करे या उनकी विरासत को खराब करने की कोशिश करे, लेकिन उनकी ये कोशिश आकाश में थूकने की तरह बेकार ही होगी.

सचिन सावंत ने कहा कि पूरे देश को पता है कि वर्ली (जहां मेट्रो स्टेशन है) का क्षेत्र नेहरू साइंस सेंटर के नाम से ही हर कोई जानता है. इसके बावजूद बीजेपी को नेहरू के नाम से एलर्जी है. कांग्रेस नेता सचिन सावंत ने आरोप लगाया है कि बीजेपी जानबूझकर इसका नाम केवल साइंस सेंटर रखा है.

ये उनकी छोटी सोच को दिखा रहा है

सचिन सावंत ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री व विश्व आइकन हैं. बीजेपी का ऐसा करना भारत रत्न पंडित जवाहरलाल नेहरू जी की स्मृति का गहरा अपमान है. उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री के नजरिए ने ही भारत के वैज्ञानिक दृष्टिकोण, औद्योगिक प्रगति और आधुनिक दृष्टिकोण की नींव रखी है. उन्होंने कहा कि एक बार फिर बीजेपी का ऐसा करना उनकी छोटी सोच, असहिष्णु और बदले की मानसिकता को जाहिर कर रहा है.

उन्होंने कहा कि पहले दिल्ली में नेहरू मेमोरियल म्यूजियम एंड लाइब्रेरी का नाम बदलकर प्राइम मिनिस्टर्स म्यूजियम कर दिया था. नेहरू युवा केंद्र संगठन (NYKS) को माय भारत से बदल दिया था. उन्होंने कहा कि हमारी ये मांग है कि वर्ली मेट्रो स्टेशन पर भारत के पहले प्रधानमंत्री का नाम फिर से बहाल किया जाए. दुनिया देख रही है कि भारत के महान नेताओं और संस्थापक पिताओं के साथ कैसे व्यवहार किया जा रहा है. बीजेपी की विकृत मानसिकता न केवल इतिहास को मिटा रही है, बल्कि हमारे राष्ट्र की गरिमा और वैश्विक छवि को भी धूमिल कर रही है. हम इस शर्मनाक कृत्य की कड़े शब्दों में निंदा करते हैं.

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