Logo
ब्रेकिंग
North Korea Nuclear Tests Impact: उत्तर कोरिया के परमाणु परीक्षणों से दहल रहा माउंट मंटाप, लगातार बढ... National News: रोजगार मेले में बोले पीएम नरेंद्र मोदी— 'नागरिक देवो भव:' के भाव से काम करें नवचयनित ... Delhi Police Action: केशवपुरम और स्वरूप नगर में सनसनीखेज वारदातें, दुष्कर्म और हत्या के मामलों में आ... Delhi Fire Accident: मोतीनगर में मकान में लगी भीषण आग, एलपीजी सिलेंडर फटने से एक शख्स की मौत Bahadurgarh News: घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर लोग, आधार अपडेशन के लिए टोकन सिस्टम लागू करने की... Punjab Singer R Nait: कमालपुर में हुई थी शूटिंग, हथियारों वाला वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने शुर... Kaithal Police Action: दुष्कर्म मामले में समझौते का खेल बेनकाब, कोर्ट परिसर में पैसे लेने वाले आरोपी... GT Road Gannaur Crime News: सीसीटीवी में कैद हुआ भीषण सड़क हादसा, पुलिस आरोपी ट्रक चालक की तलाश में ... Haryana Teacher Achieves Success in Swimming: शिक्षा के बाद अब खेल जगत में चमका मंजू दहिया का नाम, द... Disha Salian Case: 'मातोश्री' पहुंचे दिशा सालियान के पिता; आदित्य ठाकरे से मांगी बिना शर्त माफी और 5...
Header Ad

दिल्ली के 3 मंदिरों पर चलेगा बुलडोजर? रातभर ड्रामे के बाद सुप्रीम कोर्ट पहुंचा मामला, नहीं मिली राहत

दिल्ली में मयूर विहार-2 के संजय झील पार्क में बने 3 मंदिरों को तोड़ने का नोटिस डीडीए के हॉर्टिकल्चर विभाग की तरफ से चस्पा किया गया, इसी के बाद बुलडोजर एक्शन के बीच हुए बवाल के चलते मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. अब इस मामले को लेकर सुनवाई शुरू हो गई है.

वकील विष्णु शंकर जैन ने कहा कि रात में ही मंदिर तोड़ने की प्रक्रिया शुरू की गई और सुबह मंदिर ध्वस्त करने के लिए 500 सुरक्षा बल और अधिकारी पहुंच गए. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि डीडीए के वकील को कॉपी सर्व करिए. वकील विष्णु ने कहा कि 35 साल से यह मंदिर स्थित हैं और सुप्रीम कोर्ट का फैसला कहता है कि 2009 से पहले के धार्मिक स्थल नहीं हटाए जा सकते हैं.

सुप्रीम कोर्ट से नहीं मिली राहत

इस मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि आप हाईकोर्ट क्यों नहीं जाते. वकील विष्णु ने कहा कि जहांगीर पुरी मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने हस्तक्षेप किया था. सुप्रीम कोर्ट ने कहा हाईकोर्ट जाइये इसी के साथ याचिका खारिज कर दी गई.

सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में सुनवाई से इंकार कर दिया है और तीनों मंदिर समितियों को हाईकोर्ट जाने की छूट दी है. सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं से कहा आपने अनुच्छेद 32 के तहत याचिका क्यों दाखिल की है.सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि आप जितना हमें बता रहे हैं, इस मामले में बहुत कुछ है.

रात भर हुआ विरोध

डीडीए की तरफ से 3 मंदिरों को तोड़े जाने का नोटिस आने के बाद से ही निवासी इस फैसले से गुस्से में आ गए थे और इसके खिलाफ विरोध कर रहे थे. मंदिरों पर कोई एक्शन न हो इसीलिए पूरी रात मंदिरों में पूजा की जा रही थी. जहां पूरी रात विरोध हुआ, वहीं नोटिस जारी होने की अगली ही सुबह 5 बजे प्रशासन के एक दर्जन से ज्यादा बुलडोजर मंदिरों को गिराने के लिए पहुंच गए.

प्रशासन के बुलडोजर के साथ पहुंचने के बाद लोगों ने जमकर विरोध किया. हंगामा इस हद तक बढ़ गया कि संजय झील पार्क में मंदिरों पर बुलडोजर से होने वाली कार्रवाई फिलहाल अनिश्चितकालीन समय के लिए रोक दी गई है.

सेक्टरवासियों ने क्या कहा?

मंदिर पर लिए जाने वाले एक्शन के बाद सेक्टरवासियों की प्रतिक्रिया सामने आई है. उनका कहना है कि यह मंदिर 40 साल पुराने हैं. सेक्टरवासियों ने साथ ही यह भी कहा कि सभी मंदिर रजिटर्स हैं, हर साल वहां दुर्गा पूजा होती है और सरस्वती पूजा कार्यक्रम मंदिरों में होते आ रहे हैं. इसी के साथ सेक्टरवासियों ने यह भी सवाल उठाया कि नोटिस में डिपार्टमेंट की मुहर के साथ अधिकारी के साइन नहीं है, इसको लेकर भी सवाल उठाए गए.

जिन मंदिरों पर एक्शन लिया जा रहा है उनमें पहला मंदिर कालीबाड़ी मंदिर है दूसरा मंदिर अमरनाथ मंदिर है और तीसरा मंदिर बद्रीनाथ मंदिर है. मंदिर में लगभग 10 साल से पूजा करने वाले पुजारी का कहना है कि यहां पर काई सालों से वो पूजा करते आए हैं. किसी तरह की कोई किसी को समस्या नहीं हैं.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.