Logo
ब्रेकिंग
फोन नहीं उठाते सीईओ,मीडियाकर्मियों में नाराजगी,ज्ञापन सौंपा Ola Uber Ban Chandigarh: ओला-उबर के लाइसेंस रद्द होने के बाद शुरू हुई 'भारत टैक्सी', जानिए यात्रियों... Haryana News: लगातार चौथी बार देश में अव्वल रही करनाल शुगर मिल, केंद्रीय मंत्रियों ने दी प्रतिष्ठित ... NCC DG Team Selection: हरियाणा के होनहार शूटर विजयन्त ढाण्डा ने बढ़ाया राज्य का मान, देश के टॉप-12 शू... Haryana Road Mishap: नूंह सड़क हादसे में चार लोगों की मौत, पत्नी गंभीर रूप से घायल; पुलिस जांच में ज... Haryana Crime News: पानीपत में اغवा हुआ बच्चा बरामद, एक लाख में बेचने की थी डील; पुलिस ने दो को दबोच... Gurnam Singh Chaduni Mahapanchayat: धान खरीद की मांग पर अड़े किसान, हाईवे पर बीती रात; आज होगी बड़ी ... Patna Mithila Colony Incident: दानापुर में खूनी संघर्ष, शादी से पहले सिपाही भाई ने की आत्महत्या, पुल... Delhi Demolition News: शालीमार बाग मैक्स अस्पताल रोड पर देर रात चला पीला पंजा; भारी पुलिस बल तैनात, ... Monsoon Update 2026: मॉनसून की विदाई के बीच बिगड़ेगा मौसम; मध्य प्रदेश, ओडिशा और पूर्वोत्तर में भारी...
Header Ad

छत्तीसगढ़ में मुस्लिम युवा गरबा से बनाएं दूरी, राज्य वक्फ बोर्ड अध्यक्ष सलीम राज की अपील

0

रायपुर: पूरे देश में शारदीय नवरात्रि की शुरुआत हो चुकी है. इस अवसर पर छत्तीसगढ़ में गरबा और डांडिया आयोजित किया जाता है. इसे लेकर छत्तीसगढ़ वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने मुस्लिम समाज के युवाओं से विशेष अपील की है. उन्होंने कहा कि नवरात्रि हिंदू समाज का पवित्र पर्व है, इसलिए मुस्लिम युवाओं को गरबा जैसे धार्मिक आयोजनों से दूरी बनाए रखनी चाहिए और प्रदेश में अमन-चैन बनाए रखने में सहयोग करना चाहिए.

नवरात्रि का महत्व और गरबा की परंपरा: डॉ. सलीम राज ने कहा कि नवरात्रि हिंदू समाज का अत्यंत पवित्र पर्व है, जिसमें माता जगदंबा की आराधना की जाती है. गरबा केवल नृत्य नहीं बल्कि देवी दुर्गा की भक्ति और शक्ति का प्रतीक लोकनृत्य है. करोड़ों श्रद्धालु इस पर्व को आस्था और श्रद्धा के साथ मनाते हैं.

मुस्लिम युवाओं को दी नसीहत: छत्तीसगढ़ वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष सलीम राज ने कहा है कि मुस्लिम समाज मूर्ति पूजा में आस्था नहीं रखता, इसलिए उन्हें गरबा जैसे धार्मिक आयोजनों से दूरी बनाकर चलना चाहिए. यह सामाजिक सौहार्द और धार्मिक परंपरा के सम्मान के लिए आवश्यक है.

परंपरा का सम्मान करने वालों को छूट: डॉ. राज ने स्पष्ट किया कि यदि कोई मुस्लिम भाई-बहन वेशभूषा और परंपरा का सम्मान करते हुए समिति से अनुमति लेकर गरबा में शामिल होना चाहते हैं तो इसमें किसी प्रकार की आपत्ति नहीं होगी.

यदि कोई व्यक्ति गलत नीयत से गरबा स्थलों में प्रवेश कर उपद्रव करने का प्रयास करता है, तो यह हिंदू समाज की भावनाओं को आहत करेगा और सामाजिक सौहार्द को ठेस पहुंचा सकता है. ऐसे लोगों को वक्फ बोर्ड चेतावनी देता है- डॉक्टर सलीम राज, अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ वक्फ बोर्ड

सलीम राज ने दिया शांति और भाईचारे का संदेश: डॉ. सलीम राज ने कहा कि इस्लाम शांति का प्रतीक है और मुस्लिम समाज को हर हाल में प्रदेश की गंगा-जमुनी तहज़ीब को तरहीज देनी चाहिए. मेरी अपील है कि लोग अमन-चैन और भाईचारे को प्राथमिकता दें.

Leave A Reply

Your email address will not be published.