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कर्नाटक और महाराष्ट्र के बीच अब भाषा को लेकर विवाद? बेलगावी में कन्नड़ बोलने पर बस कंडक्टर को पीटा

महाराष्ट्र और कर्नाटक के बीच भाषा को लेकर विवाद बढ़ता चला जा रहा है. कर्नाटक के बेलगावी में एक ताजा मामला सामने आया है जहां भाषा को लेकर हुए विवाद के बाद कुछ लोगों ने कर्नाटक स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (KSRTC) के बस कंडक्टर पर हमला बोल दिया. घटना के बाद मरिहाल पुलिस थाने में एक शिकायत भी दर्ज की गई है. दूसरी ओर इस मामले को लेकर पुलिस थाने के बाहर कुछ लोग विरोध प्रदर्शन करने लगे हैं.

बेलगावी के कमिश्नर इयाडा मार्टिन मार्बानियांगका कहना है कि मामले को लेकर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज की गई है. बस के कंडक्टर ने आरोप लगाया है कि भाषा के अंतर पर बहस के बाद 4 लोगों ने उन पर हमला कर दिया. पुलिस ने सभी आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की पूछताछ कर रही है. एक महिला ने भी शिकायत दर्ज कराई है कि उसका बस कंडक्टर के साथ झगड़ा हुआ था, जिसने कथित तौर पर अभद्र टिप्पणी की थी और शारीरिक अभिव्यक्ति के माध्यम से उसे धमकी दी. कुछ लोग विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और पुलिस स्थिति को संभाल रही है.

क्या है पूरा मामला?

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, यह मामला फ्री टिकट से जुड़ा हुआ बताया जा रहा है. कर्नाटक में महिलाओं के लिए बस की यात्रा फ्री है. बस में एक सवार एक पुरुष यात्री कंडक्टर से फ्री टिकट मांग रहा था, लेकिन उसने देने से मना कर दिया. जब कंडक्टर ने मना किया तो पैसेंजर ने कहा कि मराठी में बात करो. इसके जवाब में कंडक्टर ने कहा कि उसे मराठी नहीं आती है, कन्नड़ आती है. बस इसी बात को लेकर विवाद गहरा गया और मामला मारपीट तक पहुंच गया.

आपस में मिलते हैं कर्नाटक और महाराष्ट्र के बॉर्डर

दरअसल, कर्नाटक और महाराष्ट्र के बॉर्डर आपस मिलते हैं. बेलगावी भी महाराष्ट्र से सटा हुआ इलाका है. यहां काफी संख्या में मराठी रहते हैं. इसमें काफी संख्या में ऐसे लोग भी हैं जो कन्नड़ नहीं बोल पाते हैं, मराठी ही उनकी आम बोलचाल की भाषा है. सीमा सटे होने की वजह से कर्नाटक और महाराष्ट्र के बीच अक्सर इस मामले को लेकर विवाद होते रहा है. सीमा विवाद के साथ-साथ अब भाषा का मामला भी तूल पकड़ने लगा है.

पिछले कई साल से उठता आ रहा है सीमा विवाद का मुद्दा

सीमावर्ती शहर बेलगावी कर्नाटक का हिस्सा रहा है क्योंकि राज्य पुनर्गठन अधिनियम, 1956 के तहत भाषाई आधार पर सीमाएं निर्धारित की गई थीं, लेकिन कर्नाटक और महाराष्ट्र के बीच अंतर-राज्य सीमा विवाद समय-समय पर उठता रहता है. 2022 में भी सीमा विवाद का मुद्दा उठा था. तब राज्य में बसवराज बोम्मई मुख्यमंत्री थे. इधर महाराष्ट्र के मौजूदा मुख्यमंत्री तब डिप्टी सीएम थे. तब बेलगावी में कुछ ट्रेनों पर पथराव भी किया गया था और रोड जाम कर प्रदर्शन भी किया गया था. जब भी कोई मामला सामने आता है तो सीमा विवाद और भाषा विवाद तूल पकड़ लेता है.

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