Logo
ब्रेकिंग
Bahadurgarh News: घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर लोग, आधार अपडेशन के लिए टोकन सिस्टम लागू करने की... Punjab Singer R Nait: कमालपुर में हुई थी शूटिंग, हथियारों वाला वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने शुर... Kaithal Police Action: दुष्कर्म मामले में समझौते का खेल बेनकाब, कोर्ट परिसर में पैसे लेने वाले आरोपी... GT Road Gannaur Crime News: सीसीटीवी में कैद हुआ भीषण सड़क हादसा, पुलिस आरोपी ट्रक चालक की तलाश में ... Haryana Teacher Achieves Success in Swimming: शिक्षा के बाद अब खेल जगत में चमका मंजू दहिया का नाम, द... Disha Salian Case: 'मातोश्री' पहुंचे दिशा सालियान के पिता; आदित्य ठाकरे से मांगी बिना शर्त माफी और 5... Etawah Crime News: जमीन बेचने के बाद रहस्यमय परिस्थितियों में मिला शख्स का शव, पत्नी ने लगाया हत्या ... Kosi River Elephant Video: कॉर्बेट लैंडस्केप में नदी पार कर रहा था हाथियों का झुंड, उफनती धारा में ब... West Bengal By-Elections Update: ममता बनर्जी के समर्थन के बाद गिरफ्तारी पर कांग्रेस का हमला, कोर्ट न... Dalhousie Bear Rescue Operation: डलहौजी में बस स्टैंड के पास मुंह में कनस्तर फंसे भालू का रेस्क्यू, ...
Header Ad

Tarique Rahman Government News: भारत और बांग्लादेश के रिश्तों में तनाव? चटगांव और मोंगला पोर्ट के समझौतों पर उठे सवाल

बांग्लादेश की तारिक रहमान सरकार भारत से बातचीत के साथ-साथ अन्य व्यापारिक मुद्दों को लेकर अपनी रणनीति तैयार कर रही है. लेकिन इससे पहले रहमान सरकार ने भारत के साथ हुए 101 द्विपक्षीय समझौतों और सहमति पत्रों (MoUs) की समीक्षा शुरू कर दी है. उधर, दिल्ली ने भी ढाका के इस बदले रुख पर अपना संदेश स्पष्ट कर दिया है और केंद्र सरकार ने दो टूक कहा है कि भारत अपने हितों की रक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएगा.

🚢 2. चटगांव और मोंगला बंदरगाहों के इस्तेमाल से जुड़े समझौतों पर टिकी नजरें, पूर्वोत्तर राज्यों की कनेक्टिविटी के लिए हैं अहम

यह समीक्षा केवल कागजी प्रक्रिया नहीं है, बल्कि इसके दायरे में भारत और बांग्लादेश के बीच बंदरगाह, संपर्क, व्यापार, ऊर्जा और बुनियादी ढांचे से जुड़े तमाम समझौते शामिल हैं. इसमें विशेष रूप से चटगांव और मोंगला बंदरगाहों के इस्तेमाल से जुड़ी व्यवस्थाएं अहम हैं, जिनके जरिए भारत को बांग्लादेश के रास्ते अपने पूर्वोत्तर राज्यों तक माल पहुंचाने का वैकल्पिक मार्ग मिलता है. ढाका का कहना है कि इन समझौतों का उद्देश्य विसंगतियों को दूर करना है, हालांकि इन्हें रद्द करने की कोई योजना नहीं है.

🇮🇳 3. विदेश मंत्रालय का बयान- समझौतों को लेकर बांग्लादेश से नहीं मिली आधिकारिक सूचना, राष्ट्रीय हितों से समझौता नहीं करेगा भारत

इस पूरे घटनाक्रम पर भारत सरकार ने अपना सख्त रुख जाहिर करते हुए कहा है कि उन्हें 101 समझौतों की समीक्षा के संबंध में बांग्लादेश की ओर से कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है. भारत ने मीडिया रिपोर्टों का संज्ञान लिया है, लेकिन साथ ही यह भी साफ कर दिया है कि यदि इस प्रक्रिया से भारत के रणनीतिक या आर्थिक हित प्रभावित होते हैं, तो देश अपने हितों की रक्षा के लिए हर संभव जरूरी कदम उठाएगा.

Comments are closed.