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ACP और SHO पर भी गिरेगी गाज! MLA रमन अरोड़ा के साथ मिल कमाए करोड़ों

जालंधर : मुख्यमंत्री भगवंत मान द्वारा अपनी ही पार्टी के विधायक पर कार्रवाई को लेकर महानगर के लोग खुश हैं, लेकिन दूसरी और ईमानदार तथा कानून पसंद पुलिस अधिकारी से लेकर थाना स्तर पर तैनात पुलिस जवान नाराज हैं। उनकी नाराजगी का कारण बेशक विधायक के खिलाफ मुख्यमंत्री साहिब की कार्रवाई है, लेकिन विधायक के इशारे पर गलत काम करने वाले ए.सी.पी. तथा एस.एच.ओ. पर कार्रवाई अभी तक क्यों नहीं हो रही? एक सीनियर ईमानदार पुलिस आफिसर ने नाम न छापनी की शर्त पर बताया कि भष्ट्राचार करने वाले पुलिस अधिकारी तथा एस.एच.ओ. अपने दफ्तरों में कम विधायक के आफिस में ड्यूटी निभाते थे। दोनों ही विधायक के कमाऊपुत थे।

लोगों की विवादित प्रापर्टियों को सस्ते रेटे में खरीदना और महंगे भाव में बेचने का काम भी चलता था। इतना ही नहीं लाटरी की दुकानें खुलवाने को लेकर भी मोटी रकम पुलिस अधिकारी और एस.एच.ओ. लेता था। शराब का सेवन करने वाला उक्त एस.एच.ओ. थाने के पास ही एक मशहूर ढाबे के बाहर कार में वर्दी पहन कर शराब तक पीने का आदी था। उक्त एस.एच.ओ. विधायक के दम पर ही अक्सर वह बच जाता था, लेकिन अब विधायक खुद को नहीं बचा सका तो एस.एच.ओ. को कौन बचाएगा?

मुंशी की फीस लेने पर भी पड़ा था एस.एच.ओ. का पंगा

विवादित एस.एच.ओ. जोकि सैंट्रल हलके में ही लगा था, थाने के पुलिस जवानों से यह भी पता चला है कि कुछ महीने पहले थाने के मुंशी ने किसी की असला लाइसैंस की फाइल क्लीयर की थी। इसके बाद मुंशी की फीस एस.एच.ओ. खुद ढकार गया। मुंशी को जब पता चला तो थाने में तू-तू मै-मै भी जमकर हुई। मुंशी ने साफ शब्दों में कह दिया था जनाब मुंशी की फीस भी आप रखनी शुरू करोंगे तो आप एस.एच.ओ. के साथ मुंशी का भी काम कर लिया करें।

जिस अस्पताल में जाते थे शान से उद्घाटन करने, वहीं हुआ विधायक का मैडीकल

विधि का विधान राजा को रंक तथा रंक को राजा बना देता है। बात करे तो विधायक रमन अरोड़ा की विजीलैंस द्वारा गिरफ्तारी करने के बाद उनका मैडीकल सिविल अस्पताल मे करवाया जा रहा है। जब विधायक पावर में थे और सिविल अस्पताल में ही बडी शान से उद्घाटन करने जाया करते थे। पूरे अस्पताल में यही बात सुनने को मिल रही है कभी अस्पताल में छापेमारी करने वाले विधायक आज यही मैडीकल के लिए लाए जा रहे हैं।

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