Logo
ब्रेकिंग
Tamil Nadu Politics: विजय को 2029 में PM उम्मीदवार बनाने पर TVK और कांग्रेस में तकरार, मंत्री सेंगोट... Budgam Encounter: बडगाम में सेना का ‘ऑपरेशन अशदार’, सुरक्षाबलों ने मार गिराया 1 आतंकी; AK राइफल बराम... दिल्ली के सभी 39 सब-डिवीजनों में सब-रजिस्ट्रार नियुक्त: पहली बार IT आधारित रैंडमाइजेशन से पोस्टिंग Madhubani Court News: मधुबनी कोर्ट से हथकड़ी छुड़ाकर भागा कैदी, 3 घंटे बाद स्टेडियम रोड से दोबारा गि... Uttarakhand Politics: हल्द्वानी शुद्धिकरण विवाद के बीच BJP का चुनावी शंखनाद, 9 सितंबर से नितिन नवीन ... Mumbai News: गोरेगांव में आरे मेट्रो स्टेशन के नीचे लग्जरी बस में लगी भीषण आग, धमाके के बाद मची अफरा... Jadavpur University Row: जादवपुर यूनिवर्सिटी का नाम बदलकर 'ऋषि अरबिंदो' रखने की मांग, BJP विधायक के ... Digital Arrest Cyber Fraud: सीबीआई का देशभर में 'ऑपरेशन चक्र-VI', 20 राज्यों में 89 ठिकानों पर छापेम... सुपौल के बसबिट्टी कुंवर टोला की अनोखी जन्माष्टमी: विसर्जन के दिन नहीं जलता चूल्हा, चूड़ा-दही पर रहते... बुलंदशहर में पूर्व विधायक गुड्डू पंडित पर गंभीर आरोप: पत्नी अर्चना पांडा ने दर्ज कराई मारपीट की शिका...
Header Ad

मध्य प्रदेश में लव जिहाद रोकने का कानून तो बनाया पर पुलिसिंग फेल

भोपाल। लव जिहाद रोकने के लिए सरकार ने कानून तो बनाया पर कमजोर पुलिसिंग के कारण उसका प्रभाव नहीं दिख रहा। भोपाल में ही निजी कॉलेज की हिंदू लड़कियों को मुस्लिम समुदाय के लड़कों ने पहचान छुपाकर बरगलाया। दैहिक शोषण किया।

यह कोई एक व्यक्ति का मामला नहीं बल्कि संगठित अपराध था। इसमें कई लोग शामिल थे। इसके बाद भी पुलिस को कोई भनक नहीं लगी। दरअसल, ऐसे मामलों में कमजोर कड़ी पुलिस व्यवस्था ही है।

पुलिसकर्मियों के साथ ही अभद्रता की

न तो उनका खुफिया तंत्र ठीक से काम कर रहा है और न ही सूचना प्रौद्योगिकी के इस दौर के तौर-तरीकों से ही पुलिसकर्मी वाकिफ हैं। पुलिस का खौफ इस कदर कम हो चुका है कि मात्र मार्च-अप्रैल में ही आठ मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें पुलिसकर्मियों के साथ ही अभद्रता की गई।

दरअसल राजधानी भोपाल में युवतियों के दैहिक शोषण और ब्लैकमेल करने जैसी घटनाओं को कुछ लोग संगठित रूप से अंजाम देते रहे और पुलिस को भनक तक नहीं लगी। हालांकि, पुलिस ने इस मामले में भी आरोपितों के विरुद्ध धार्मिक स्वातंत्र्य कानून 2021 के अंतर्गत धारा तीन और धारा पांच के अंतर्गत भी प्रकरण कायम किया है। उल्लेखनीय है कि इस मामले में अब तक पांच पीड़िताएं सामने आई हैं। पांच आरोपित गिरफ्तार हुए हैं।

बुरका पहनने का दबाव बनाया

घटनाक्रम से साफ लग रहा है कि आरोपितों ने पीड़िताओं को योजनाबद्ध तरीके से फंसाया और दुष्कर्म किया, पर ऐसे साक्ष्य भी मिले हैं कि वे उनका धर्म परिवर्तन भी कराना चाहते थे। उन्होंने लड़कियों को मांस खिलाया। बुरका पहनने के लिए दबाव बनाया।

इसी कारण यह मामला लव जिहाद से जोड़ा जा रहा है। आरोपित अलग-अलग राज्यों के हैं। इस कारण यह भी आशंका है कि इनके पीछे दूसरे राज्यों के कुछ और लोग हो सकते हैं जो आरोपितों की मदद कर रहे हों। पुलिस इस दिशा में भी जांच कर रही है।

200 से ज्यादा केस दर्ज किए गए हैं

इसी वर्ष मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक कार्यक्रम में नाबालिग बेटियों को बहला-फुसलाकर दुष्कर्म करने वालों के लिए फांसी की सजा का प्रविधान करने की बात कही थी। इसके पहले पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भी कड़ी कार्रवाई की बात कह चुके हैं। धार्मिक स्वातंत्र्य काननू के अंतर्गत प्रदेश में अभी तक 200 से अधिक प्रकरण कायम किए जा चुके हैं, पर अपराधियों में काननू का डर नहीं दिख रहा।

पुलिस के लिए अब तक सबसे बेकार वर्ष, कई जगह मारपीट का शिकार

  • 15 मार्च – मऊगंज के शाहपुरा थाना क्षेत्र के गड़रा गांव में पुलिसकर्मियों पर हमला हुआ जिसमें एक एएसआइ की मौत हो गई।
  • 15 मार्च – इंदौर में वकीलों से विवाद हुआ, जिसमें वकीलों ने टीआइ जितेंद्र सिंह यादव को दौड़ाया। वर्दी फाड़ी।
  • 20 मार्च – दमोह में हिस्ट्रीशीटर कासिम कुरैशी को लेकर तफ्तीश करने पहुंचे पुलिसकर्मियों पर फायरिंग हुई।
  • 21 मार्च – शहडोल के बुढ़ार में गोलीकांड के आरोपितों की तलाश में पहुंची पुलिस पर पथराव हुआ।
  • 23 मार्च – सीहोर जिले के इछावर थाना क्षेत्र के खेरी गांव में तोड़फोड़ की सूचना पर पहुंची पुलिस टीम पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया।
  • 27 मार्च – सागर जिले के सुरखी में अपराधियों को पकड़ने गई पुलिस पर महिलाओं और अपराधियों ने हमला बोल दिया, जिसमें कई पुलिसकर्मी घायल हुए।
  • 27 अप्रैल – भोपाल के रानी कमलापति स्टेशन पर शराब के नशे में युवकों ने पुलिसकर्मी की पिटाई की।
  • 28 अप्रैल – सतना जिले के जैतवारा थाने में एक युवक ने प्रधान आरक्षक प्रिंस गर्ग को गोली मार दी।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.