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कारोबारियों को पड़ी जबरदस्त मार, Hotels खाली, इलाका सुनसान…

 पहलगाम आतंकी हमले के बाद सुरक्षा बल व पुलिस अलर्ट पर हैं। वहीं अब होटलों की बुकिंग भी कैंसिल हो गई है। हमले करे बाद से लोगों के मन में डर सा बैठ गया है, जिस कारण जम्मू कश्मीर में टूरिस्ट का आना-जाना कम हो गया है। जैसे कि आपको बता दें कि, जम्मू कश्मीर के लोगों की रोजी रोटी टूरिज्म के कारण ही चलती है।

पहलगाम आतंकी हमले के बाद से कारोबार में जबरदस्त घाटा पड़ा है। मशहूर हिल रिसॉर्ट पर सन्नाटा पसरा है। होटलों की 90% बुकिंग कैंसिल हो गई है। होटल कर्मचारी खाली बैठें है। होटल/रिसॉर्ट के साथ पूरा इलाका सुनसान पड़ा है। पटनीटॉप, नत्थाटॉप और सनासर में पर्यटन के कारोबार को बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। जब टूरिस्ट जम्मू कश्मीर में आते हैं तो होटल में ठहरने, घूमने, यहां-वहां आने जाने, शॉपिंग करने जैसे कई कामों में अच्छी कमाई होती हैं।

गौरतलब है कि, हमले के तुरन्त बाद से होटलों में ठहरे टूरिस्ट बुकिंग कैंसिल कर अपने घरों को लौट गए हैं, जिससे होटल कारोबार को बड़ी मार पड़ी है। बताया जा रहा है कि, डेढ़ सौ कमरों की बुकिंग कैंसिल हो चुकी है। जम्मू में टूरिस्ट का पसंदीदा हिल स्टेशन पटनीटॉप है। जम्मू कश्मीर में अप्रैल, मई व जून का महीना वहां के लोगों लिए बहुत खास होता है, क्योंकि इन महीनों में भारी संख्या में टूरिस्ट अपने परिवारों के साथ पहुंचते हैं। होटल मालिक लोगों से अपील कर रहे हैं कि पटनीटॉप में सुरक्षा बल व पुलिस चौकी मौजूद है, उन्हें डरने की जरूरत नहीं है। जहां इस हमले से होटलों के कारोबार को मार पड़ी है, वहीं टेक्स ड्राइवर को भी बहुत घाटा हुआ है। टूरिस्ट कम होने से 3 दिनों से उनकी गाडियां वैसे ही खड़ी हैं।

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